डोपिंग के दोषी पाए गए बास्केटबॉल खिलाड़ी सतनाम सिंह, लगा दो साल का प्रतिबंध
नई दिल्ली। एनबीए टीम में शामिल किये गये पहले भारतीय खिलाड़ी सतनाम सिंह भामरा पर पिछले साल डोपिंग परीक्षण में विफल होने के लिये राष्ट्रीय डोपिंग रोधी एजेंसी (नाडा) के अनुशासनात्मक पैनल ने दो साल का प्रतिबंध लगाया है। पिछले साल नवंबर में 25 वर्षीय भामरा पर अस्थायी निलंबन लगाया गया था। दक्षिण एशियाई खेलों …
नई दिल्ली। एनबीए टीम में शामिल किये गये पहले भारतीय खिलाड़ी सतनाम सिंह भामरा पर पिछले साल डोपिंग परीक्षण में विफल होने के लिये राष्ट्रीय डोपिंग रोधी एजेंसी (नाडा) के अनुशासनात्मक पैनल ने दो साल का प्रतिबंध लगाया है। पिछले साल नवंबर में 25 वर्षीय भामरा पर अस्थायी निलंबन लगाया गया था।
दक्षिण एशियाई खेलों के लिये लगे तैयारी शिविर के दौरान नाडा के टूर्नामेंट से बाहर किये परीक्षण में वह विफल रहे थे। वर्ष 2015 में एनबीए टीम में शामिल किये गये भामरा ने खुद पर लगे आरोपों का विरोध किया था और नाडा से उसके डोपिंग रोधी अनुशासनात्मक पैनल (एडीडीपी) द्वारा सुनवाई का अनुरोध किया था। नाडा ने गुरूवार को ट्वीट किया, ”बास्केटबॉल खिलाड़ी सतनाम सिंह भामरा को परीक्षण में हिगेनामाइन बीटा-2-एगोनिस्ट के सेवन का दोषी पाया गया।
Satnam Singh Bhamara ,Basketball Player tested positive for Higenamine Beta-2-Agonist. Anti Doping Discpilinary Panel has imposed 2 years Ineligbility on him.@YASMinistry @BFI_basketball
— NADA India (@NADAIndiaOffice) December 24, 2020
डोपिंग रोधी अनुशासनात्मक पैनल ने उन पर दो साल का प्रतिबंध लगाया है। ” इसका मतलब है कि भामरा का निलंबन अगले साल 19 नवंबर को समाप्त होगा क्योंकि उनका प्रतिबंध 2019 में इसी दिन से शुरू हुआ था।
नाडा ने कहा कि भामरा को हिगेनामाइन का पॉजिटिव पाया गया है जिसे विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी (वाडा) की 2017 में प्रतिबंधित पदार्थों की सूची में शामिल किया गया था और यह टूर्नामेंट के अंदर और बाहर हर समय प्रतिबंधित है। पांच साल पहले भामरा ने इतिहास रच दिया था, जब उन्हें डालास मेवरिक्स ने एनबीए ड्राफ्ट में शामिल किया था। इसके बाद वह डालास मेवरिक्स की टेक्सास लीजेंड्स के साथ दो साल तक डेवलपमेंट लीग में खेले थे।
