काशी में बाल विवाह के विरुद्ध चलेगा संयुक्त अभियान, अक्षय तृतीया पर प्रशासन ने की सहयोग की अपील
वाराणसी। अक्षय तृतीया (19 अप्रैल) के शुभ अवसर पर वाराणसी के समस्त नागरिकों से जिला प्रोबेशन अधिकारी पंकज कुमार मिश्रा ने अपील करते हुये कहा कि है कि वे इस पावन दिन को सामाजिक कुरीतियों से मुक्त रखते हुए विशेष रूप से बाल विवाह जैसी अवैध एवं हानिकारक प्रथा को पूर्णतः रोकने में प्रशासन का सहयोग करें। उन्होंने बताया कि अक्षय तृतीया के दिन अब भी बाल विवाह की घटनाएं संज्ञान में आती रहती हैं, जिन्हें रोकना अत्यंत आवश्यक है।
बाल विवाह न केवल कानूनन अपराध है, बल्कि यह बालकों एवं बालिकाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा और भविष्य के साथ गंभीर अन्याय भी है। बाल विवाह कराने, करवाने या उसमें भाग लेने वाले व्यक्तियों को दो वर्ष तक का कठोर कारावास हो सकता है। दोषी व्यक्ति पर एक लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। बाल विवाह कराने वाले अभिभावक या संरक्षक, विवाह कराने वाला पुजारी/काजी/पंडित या आयोजक तथा विवाह में सहयोग या प्रोत्साहन देने वाला कोई भी व्यक्ति दंडनीय है।
जिला प्रोबेशन अधिकारी ने सभी अभिभावकों, ग्राम प्रधानों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, शिक्षकों, सामाजिक संगठनों एवं पुलिस विभाग से अनुरोध किया है कि वे अपने-अपने क्षेत्र में सतर्क निगरानी रखें और किसी भी संदिग्ध बाल विवाह की सूचना तत्काल प्रशासन को दें। पुलिस विभाग से भी अपील की गई है कि ऐसे मामलों में त्वरित संज्ञान लेते हुए आवश्यक विधिक कार्यवाही सुनिश्चित करें। जनपद स्तर पर विशेष निगरानी दल गठित किए गए हैं, जो अक्षय तृतीया के अवसर पर सक्रिय रूप से कार्य करेंगे।
