बाराबंकी डकैती के बाद खौफ में व्यवसायी का परिवार, अयोध्या डीआईजी ने किया मुआयना, पुलिस की 5 टीमें खाली हाथ
-जरा सी आहट पर सहम जा रहे बच्चे -डीआईजी का दौरा, जांच अभी बेनतीजा
बाराबंकी, अमृत विचार। यूपी के बाराबंकी जिले के ग्वारी कस्बे में किराना व्यवसायी आलोक जायसवाल उर्फ हिमांशु के घर हुई सनसनीखेज डकैती के बाद परिवार अब भी सदमे और दहशत के साये में है। वारदात के बाद से घर का माहौल पूरी तरह बदल गया है। रिश्तेदारों, मित्रों और शुभचिंतकों का लगातार घर पहुंचना जारी है। लोग परिवार को ढांढस बंधाने के साथ घटना की जानकारी लेने पहुंच रहे हैं, लेकिन परिजनों के चेहरों पर खौफनाक रात की दहशत साफ झलक रही है।
परिजनों के मुताबिक वारदात के दौरान बदमाशों की धमकी, शोर-शराबा और मारपीट से दो वर्षीय रुद्रांश और दो माह के विराज बुरी तरह सहम गए। बदमाशों ने मासूम बच्चों तक को नहीं बख्शा, जिससे परिवार और ज्यादा टूट गया।
घटना के बाद दोनों बच्चे रातभर डरे-सहमे रहे और ठीक से सो भी नहीं सके। परिवार वालों का कहना है कि बच्चे अब भी हल्की आहट पर घबरा जा रहे। उधर, सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए किराना व्यवसायी के घर के बाहर पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। आने-जाने वालों पर नजर रखी जा रही, जबकि पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने और अन्य तकनीकी साक्ष्य जुटाने में लगी है। डकैती के खुलासे के लिए पुलिस ने पांच टीमें गठित हैं, जिन्हें अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
पुलिस स्थानीय स्तर पर संदिग्धों की गतिविधियों के साथ तकनीकी और सर्विलांस की मदद से भी जांच आगे बढ़ा रही है हालांकि, अभी तक जांच किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है। शुक्रवार देर शाम अयोध्या परिक्षेत्र के डीआईजी ने भी घटनास्थल का निरीक्षण कर अधिकारियों को जल्द खुलासा करने के निर्देश दिए।
