बरेली में तूफान ने बिजली विभाग में मचाई भारी तबाही, 500 विद्युत पोल टूटे
अमृत विचार : बरेली में तूफान ने भारी तबाही मचाई है। सैकड़ों पेड़ उखड़ गए। बिजली के 500 खंभे धराशायी हो गए। जिले की बिजली व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई। एक करोड़ से ज्यादा के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। बुधवार की रात आंधी-बारिश के रूप में आई इस आफत से उबरने में बिजली विभाग को कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है। इसलिए भी क्योंकि इस तूफान ने सबसे ज्यादा बिजली विभाग को प्रभावित किया है। करीब 31 ट्रांसफर भी फुंक गए। शहर में ब्लैकआउट से हाहाकार मचा रहा। भारी नुकसान के बीच विद्युत विभाग की टीमें युद्धस्तर पर व्यवस्था सुधारने में जुटी रहीं।
बिजली के पोल, तार और ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त
आंधी और बारिश के चलते जगह-जगह बिजली के पोल, तार और ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हो गए। कई इलाकों में पेड़ और होर्डिंग गिरने से बिजली लाइनों को भारी नुकसान पहुंचा, जिससे दर्जनों फीडर ठप हो गए। हालात सामान्य करने के लिए बिजली निगम ने युद्धस्तर पर अभियान शुरू कर दिया है। क्षतिग्रस्त पोल और ट्रांसफार्मरों को बदलने के लिए निगम ने 12 हाइड्रा, चार जेसीबी मशीनें और सात विशेष मरम्मत टीमें मैदान में उतारी हैं। इसके अलावा कार्यदायी संस्था की मदद भी ली जा रही है।
अधिकारी लगातार कर रहे दौरा
अधिकारी लगातार प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर मरम्मत काम की निगरानी कर रहे हैं। बिजली निगम के अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिकता के आधार पर अस्पतालों, पेयजल परियोजनाओं और घनी आबादी वाले क्षेत्रों की आपूर्ति बहाल की जा रही है। लगातार चल रहे मरम्मत काम के बीच अधिकांश क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल कर दी गई है, जबकि शेष स्थानों पर काम तेजी से जारी है। निगम का दावा है कि जल्द ही सभी प्रभावित क्षेत्रों में बिजली व्यवस्था पूरी तरह सामान्य कर दी जाएगी।
युद्धस्तर पर चला रहे अभियान
बुधवार की रात आई आंधी-बारिश से जिले भर में पांच सौ पोल टूट गए। साथ ही ट्रांसफार्मर फूंकने के साथ ही निगम को बड़ा नुकसान हुआ है। हालात सामान्य करने के लिए युद्धस्तर पर अभियान चल रहा है। क्षतिग्रस्त पोल और ट्रांसफार्मरों को बदलने के लिए 12 हाइड्रा, चार जेसीबी मशीनें और सात विशेष मरम्मत टीमें मैदान में उतारी गई हैं। -ज्ञान प्रकाश, मुख्य अभियंता
