गोंडा : गैस सिलेंडर की कमी से जूझ रहे स्कूल, डीएम ने लगाई फटकार
गोंडा, अमृत विचार : जिले के परिषदीय व सहायता प्राप्त स्कूल गैस सिलेंडर की कमी से जूझ रहे हैं। इससे मिड डे मील योजना प्रभावित हो रही है। पीएम पोषण (मध्याह्न भोजन) योजना के तहत संचालित विद्यालयों में एलपीजी गैस सिलेंडरों की आपूर्ति में लगातार आ रही दिक्कतों को जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने गंभीरता से लिया है।
डीएम ने जिला पूर्ति अधिकारी को निर्देश जारी करते हुए जनपद की सभी गैस एजेंसियों को विद्यालयों की मांग के अनुसार तत्काल एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।
मध्यान्ह भोजन योजना के जिला समन्वयक गणेश गुप्ता के मुताबिक पीएम पोषण योजना अंतर्गत जिले के 2689 स्कूलों में मिड डे मील योजना संचालित है। योजना के तहत करीब 3.10 लाख बच्चों को दोपहर का भोजन दिया जाता है लेकिन वर्तमान में यह स्कूल गैस सिलेंडर की कमी से जूझ रहे हैं। स्कूलों को समय पर गैस सिलेंडर नहीं मिल रहा, जिससे मिड डे मील योजना प्रभावित हो रही है।
आरोप है कि गैस एजेंसी संचालक स्कूलों में सिलेंडर आपूर्ति करने में आनाकानी कर रहे हैं। इस समस्या के समाधान के लिए बीएसए अमित सिंह ने जिलाधिकारी को पत्र लिखा था। बीएसए ने डीएम को बताया कि मार्च 2026 में गैस आपूर्ति को लेकर बैठक होने के बावजूद अब तक कई विद्यालयों में नियमित रूप से गैस सिलेंडर नहीं पहुंच रहे हैं। इस संबंध में बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से कई बार पत्राचार किया गया तथा विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों के नाम, मोबाइल नंबर, उपभोक्ता संख्या और संबंधित गैस एजेंसी का विवरण भी जिला पूर्ति कार्यालय को उपलब्ध कराया जा चुका है। इसके बावजूद खंड शिक्षा अधिकारियों और प्रधानाध्यापकों की ओर से लगातार शिकायतें मिल रही हैं कि गैस एजेंसियां विद्यालयों को समय पर एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध नहीं करा रही हैं।
इससे छात्र-छात्राओं के लिए मध्याह्न भोजन तैयार कराने में परेशानी हो रही है और योजना के संचालन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने जिला पूर्ति अधिकारी को निर्देशित किया है कि जनपद की सभी एलपीजी गैस एजेंसियों को तत्काल आदेश जारी कर विद्यालयों की मांग के अनुरूप नियमानुसार गैस सिलेंडर की आपूर्ति सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया है।
