लखनऊ: मध्यांचल​ निगम में 10 हजार 450 के सापेक्ष 7790 करोड़ की वसूली

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

लखनऊ, अमृत विचार। मध्यांचल निगम के अधिकारी, अभियंता और कर्मचारी बकाया वसूली में अभी तक फिसड्डी साबित हुए हैं। अगर ऐसा ही रहा तो अभियंता मध्यांचल निगम को उत्तर प्रदेश पॉवर कार्पोरेशन की ओर से दिए गए निर्धारित लक्ष्य तक नहीं पहुंचा पाएंगे। अभियंताओं की इस लापरवाह रवैये से उत्तर प्रदेश पॉवर कार्पोरेशन को राजस्व …

लखनऊ, अमृत विचार। मध्यांचल निगम के अधिकारी, अभियंता और कर्मचारी बकाया वसूली में अभी तक फिसड्डी साबित हुए हैं। अगर ऐसा ही रहा तो अभियंता मध्यांचल निगम को उत्तर प्रदेश पॉवर कार्पोरेशन की ओर से दिए गए निर्धारित लक्ष्य तक नहीं पहुंचा पाएंगे।

अभियंताओं की इस लापरवाह रवैये से उत्तर प्रदेश पॉवर कार्पोरेशन को राजस्व में भारी क्षति उठानी पड़ सकती है। वहीं, इसके विपरीत मध्यांचल निगम के उच्चाधिकारियों की ओर से दावा किया जा रहा है कि हम सभी ने मार्च में दिए गए लक्ष्य के सापेक्ष दिसंबर तक 77 फीसद बकाया वसूली कर चुके हैं। जो कि औसत में ठीक ठाक है।

10 हजार 450 के सापेक्ष 7790 की वसूली

मध्यांचल निगम के वाणिज्यिक निदेशक ब्रम्हपाल ने बताया कि उत्तर प्रदेश पॉवर कार्पोरेशन की ओर से निगम को 10 हजार 450 करोड़ का लक्ष्य दिया गया है। जिसके सापेक्ष दिसंबर में हम लोगों ने 7790 करोड़ यानि की 77 फीसद की वसूली कर चुके हैं।

उन्होंने बताया लखनऊ, बरेली और अयोध्या जोन को 7500 करोड़ का टारेगट दिया गया था। वहीं लेसा को 1400 करोड़ का टारगेट दिया गया। जिसमे लेसा सीस और ट्रांस गोमती दोनों में करीब 77 फीसद यानि की 1050 करोड़ की वसूली की जा चुकी है। बरेली को 1450 करोड़ का दिया गया था जहां पर 75 फीसद यानि की दो फीसद कम लेसा से 1070 करोड़ के राजस्व को प्राप्त किया जा चुका गया है।

अयोध्या में 1050 के सापेक्ष 70 फीसद 808 करोड़ की बकाया वसूली हो चुकी है। ब्रम्हपाल ने बताया कि मध्यांचल निगम​ में बकाया वसूली को तेज किया जाएगाा। मार्च तक लक्ष्य का 95 फीसद वसूली किए जाने की उम्मीद है। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि बकाया वसूली के साथ ही लेसा सहित 19 जिलों में बिजली चोरी रोकने और बिल संशोधन के काम में तेजी लाया जाएगा। इस दौरान अभियंताओं को जिम्मेदारी दी जाएगी कि वे निगम द्वारा निर्धारित लक्ष्यों को प्राप्त करें।

लखनऊ में इन जगहों पर सबसे ज्यादा बकाया

लेसा सीस गोमती में सबसे ज्यादा बकायेदार हैं। यहां के अमीनाबाद, चौक, ठाकुरगंज, रेजीडेंसी, हुसैनगंज, अपट्रान, सेस एक, दो, तीन चार, वहीं ट्रांस गोमती में सीतापुर रोड, रहीमनगर और चिनहट में सबसे ज्यादा बकायेदार हैं।

संबंधित समाचार