Bareilly News : आईआईए ने उठाया इंडस्ट्री फ्रेडली सिटी बनाने का बीड़ा
बरेली चेप्टर ने मंडलायुक्त के सामने रखे अहम प्रस्ताव, अगले 20 साल की जरूरतों को ध्यान में रखकर इन्फास्ट्रक्चर सर्वे की मांग
जीरो प्वाइंट पर एलिवेटेड रोड की उद्यमियों ने उठाई मांग, ब्लॉक स्तर तक सार्वजनिक इलेक्ट्रिक परिवहन का सुझाव
बरेली, अमृत विचार। महानगर के तेजी से औद्योगिक विस्तार और यातायात के बढ़ते दबाव को देखते हुए इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (आईआईए) बरेली चैप्टर ने इंडस्ट्री फ्रेंडली सिटी बनाने के संकल्प के साथ विशेष फ्यूचर प्लान प्रशासन के सामने रखा है। इसमें अगले 20 साल की संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए इन्फ्रास्टक्चर से जुड़े अहम सुझाव दिए गए हैं। मंगलवार को चेप्टर चेयरमैन शेखर अग्रवाल, सचिव धनंजय विक्रम सिंह, कोषाध्यक्ष आशीष गुप्ता, सीईसी सदस्य विमल रिवाड़ी, राष्ट्रीय सचिव मयूर धीरवानी और अभिनव कटरू ने मंडलायुक्त शंभू कुमार से मुलाकात की और जीरो प्वाइंट पर एलिवेटेड रोड, रजऊ औद्योगिक क्षेत्र के लिए रोड सर्कुलेशन प्लान, ब्लॉक से तहसील तक इलेक्ट्रिक सार्वजनिक परिवहन और फ्लैटेड फैक्ट्री कॉम्प्लेक्स समेत कई जरूर प्रस्ताव सौंपे।
आईआईए प्रतिनिधिमंडल ने कमिश्नर से मुलाकात के दौरान कहा कि बरेली में औद्योगिक गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं। शहर और आसपास के क्षेत्रों में वाहनों की संख्या बढ़ने से यातायात का दबाव भी अधिक हो रहा है। आईआईए चेयरमैन शेखर अग्रवाल ने जीरो प्वाइंट पर बढ़ते यातायात दबाव का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। कहा कि औद्योगिक क्षेत्रों और आसपास के इलाकों से आने वाले भारी वाहनों के कारण इस क्षेत्र में यातायात का दबाव लगातार बढ़ रहा है। एलिवेटेड रोड या फ्लाईओवर बनने से यातायात को सुगम बनाने के साथ औद्योगिक क्षेत्रों की कनेक्टिविटी भी बेहतर हो सकती है। आईआईए ने इसके लिए मंडलायुक्त से सर्वेक्षण और तकनीकी अध्ययन कराने का अनुरोध किया है।
रजऊ औद्योगिक क्षेत्र का होगा रोड नेटवर्क प्लान
रजऊ औद्योगिक क्षेत्र के सुनियोजित विकास के लिए लेआउट और रोड सर्कुलेशन प्लान तैयार करने का प्रस्ताव भी रखा गया। संगठन ने कहा कि भविष्य में नए उद्योग स्थापित होने से पहले प्रवेश-निकास, भारी वाहनों की आवाजाही और आंतरिक सड़कों की व्यवस्था तय करना जरूरी है। इससे बाद में जाम और यातायात अव्यवस्था की स्थिति से बचा जा सकेगा।
ब्लॉक से तहसील तक ई-ट्रांसपोर्ट का प्रस्ताव
ग्रामीण क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन की कमी को देखते हुए ब्लॉक से तहसील तक इलेक्ट्रिक वाहनों पर आधारित नियमित परिवहन सेवा शुरू करने का सुझाव दिया गया। आईआईए के अनुसार इससे ग्रामीण कर्मचारी, विद्यार्थी और आम नागरिक लाभान्वित होंगे। साथ ही प्रदूषण कम करने और हरित परिवहन को बढ़ावा देने में भी मदद मिलेगी।
छोटे उद्यमियों के लिए मांगा फ्लैटेड फैक्ट्री कॉम्प्लेक्स
स्थानीय उत्पादों, छोटे उद्यमियों और स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए बरेली में फ्लैटेड फैक्ट्री कॉम्प्लेक्स विकसित करने का प्रस्ताव रखा गया। आईआईए ने माधवाड़ी या नरकुलागंज क्षेत्र में इसकी संभावनाएं तलाशने का सुझाव दिया। फ्लैटेड फैक्ट्री में कम लागत पर तैयार औद्योगिक स्थान और साझा सुविधाएं उपलब्ध होने से नए उद्यमियों को उद्योग शुरू करने में मदद मिल सकती है।
बरेली को वेटरनरी मेडिसिन हब बनाने का सुझाव
प्रतिनिधिमंडल ने भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) की विशेषज्ञता का लाभ उठाकर वेटरनरी मेडिसिन एवं संबंधित उत्पादों के निर्माण, अनुसंधान, प्रशिक्षण और स्टार्टअप विकास के लिए हब विकसित करने का सुझाव भी दिया। आईआईए ने इसे बरेली में पशु चिकित्सा आधारित उद्योगों और रोजगार के नए अवसर पैदा करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
अगले 20 साल को ध्यान में रखकर विकास पर जोर
आईआईए चेयरमैन शेखर अग्रवाल ने कहा कि संगठन की ओर से रखे गए प्रस्ताव केवल मौजूदा समस्याओं के समाधान तक सीमित नहीं हैं, बल्कि बरेली के अगले 10 से 20 वर्षों के सुनियोजित और टिकाऊ विकास को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं। उन्होंने कहा कि बेहतर सड़क, सार्वजनिक परिवहन और औद्योगिक कनेक्टिविटी से उद्योगों के साथ आम नागरिकों, विद्यार्थियों और युवाओं को भी लाभ मिलेगा। प्रतिनिधिमंडल ने आयुक्त से संबंधित विभागों के माध्यम से प्रस्तावों का सर्वेक्षण और व्यवहार्यता अध्ययन कराने और शासन स्तर तक प्रभावी ढंग से भेजने का अनुरोध किया।
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