बरेली: युगवीणा मामला- सीओ, इंस्पेक्टर और दो सिपाहियों पर जानलेवा हमले की रिपोर्ट
अमृत विचार, बरेली। लाकडाउन में जन्मदिन की पार्टी में सीओ, इंस्पेक्टर और सिपाहियों ने साजिशन दरोगा को बुलाया और फिर उसी की रिवाल्वर छीनकर उसके गोली मार दी। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। सोमवार को कोर्ट के आदेश पर कैंट थाने में सीओ, इंस्पेक्टर और दो सिपाहियों पर षड्यंत्र कर …
अमृत विचार, बरेली। लाकडाउन में जन्मदिन की पार्टी में सीओ, इंस्पेक्टर और सिपाहियों ने साजिशन दरोगा को बुलाया और फिर उसी की रिवाल्वर छीनकर उसके गोली मार दी। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। सोमवार को कोर्ट के आदेश पर कैंट थाने में सीओ, इंस्पेक्टर और दो सिपाहियों पर षड्यंत्र कर जानलेवा हमला करने की रिपोर्ट दर्ज की है।
फर्रूखाबाद के दहनिया निवासी संजय सिंह पुलिस में दरोगा के पद पर तैनात थे। उनकी तैनाती कैंट थाने में थी। उनका आरोप है कि उन्हें तत्कालीन सीओ अशोक कुमार के कहने पर इंस्पेक्टर कैंट और थाने का अन्य स्टाफ प्रताड़ित करता था। इसके चलते उन्होंने शासन को त्यागपत्र भी भेजा था। इसी बीच 17 अगस्त की रात कैंट थाने में तैनात सिपाही अश्वनी कुमार के जन्मदिन को युगवीणा लाइब्रेरी के गार्डन में मनाया गया।
आरोप है कि सिपाही के जन्मदिन पर इंस्पेक्टर और स्टाफ के अन्य लोगों ने साजिश के तहत उसे वहां बुलाया और रात दस बजे के लगभग उन्होंने उसकी सर्विस रिवाल्वर छीनकर उसे ही गोली मार दी। इसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराने की बजाय मरने के लिए थाने ले गए। जहां उसी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। गोली लगने की जानकारी होने पर उसका परिवार बरेली आया और उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
जहां से बाद में उसके परिजन उसे अपने गांव ले गए। वहां के निजी अस्पताल में उसका इलाज कराया। पीड़ित की मां ने इसकी शिकायत पुलिस अफसरों से की लेकिन उनकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। सोमवार को कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने तत्कालीन सीओ अशोक कुमार, तत्कालीन कैंट इंस्पेक्टर धर्मेंद्र कुमार, सिपाही अश्वनी कुमार और प्रवीण कुमार पर षड्यंत्र कर जानलेवा हमले के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
खत्म किया जाएगा मुकदमा
एसएसपी ने बताया कि यह मुकदमा गलत दर्ज कराया गया है। इसे जल्द ही खत्म कर दिया जाएगा। मामले की जांच कराई गई थी जिसमें दरोगा के आरोप पूरी तरह से गलत पाए गए थे।
बर्खास्त होगा दरोगा संजय
एसएसपी ने बताया कि दरोगा संजय सिंह की ही गलती थी और उन्होंने सीओ, इंस्पेक्टर समेत सिपाहियों पर जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज कराई है। दरोगा पर भी मुकदमा दर्ज है। उसकी बर्खास्तगी के लिए रिपोर्ट आईजी को भेजी जाएगी।
