बरेली: लॉकडाउन की आशंका से दहशत- प्याज की जमाखोरी शुरू, कारोबारी खरीद रहे 50 टन रोज

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बरेली, अमृत विचार। कोरोना ने हर किसी के मन में खौफ पैदा कर दिया है। शहरों में रात्रि कर्फ्यू लगने के बाद कारोबारियों को यह डर है कि अब लॉकडाउन भी लगेगा। कारोबारियों की इसी आशंका ने एकाएक प्याज की मांग के साथ जमाखोरी भी बढ़ा दी। डेलापीर मंडी में अभी तक प्याज की खपत …

बरेली, अमृत विचार। कोरोना ने हर किसी के मन में खौफ पैदा कर दिया है। शहरों में रात्रि कर्फ्यू लगने के बाद कारोबारियों को यह डर है कि अब लॉकडाउन भी लगेगा। कारोबारियों की इसी आशंका ने एकाएक प्याज की मांग के साथ जमाखोरी भी बढ़ा दी। डेलापीर मंडी में अभी तक प्याज की खपत प्रतिदिन एक या दो टन थी, लेकिन अप्रैल में कोरोना की रफ्तार बढ़ी तो प्याज की आवक ऐसी चढ़ी कि आढ़तियों की मौज आ गई। कई जनपदों के कारोबारी बड़ी मात्रा में प्याज खरीदकर ले जा रहे हैं। इससे माना जा रहा है कि कारोबारी लॉकडाउन की आशंका को देखते हुए अभी से प्याज की जमाखोरी करने लगे हैं। प्रतिदिन करीब 50 टन प्याज की खपत हो रही है।

डेलापीर मंडी से प्याज की सप्लाई पीलीभीत, शाहजहांपुर, बदायूं व हल्द्वानी की मंडियों में हो रही है। प्याज के साथ मंडी में आलू भी बड़ी मात्रा में मंगाया जा रहा है। आलू की भी करीब 15 से 20 ट्रालियां हर रोज मंडी में पहुंच रही हैं। एक ट्रॉली में करीब 100 से लेकर 110 बोरी होती हैं। डेलापीर मंडी में सब्जियों की मांग ज्यादा नहीं है। गर्मी में खीरे की मांग भी बढ़ी है। जिसके चलते डेलापीर मंडी में खीरे की भी करीब 20 से 25 क्विंटल प्रतिदिन के हिसाब से सप्लाई हो रही है। डेलापीर सब्जी मंडी से बड़ी मात्रा में हरी मिर्च और शिमला मिर्च की सप्लाई भी लखनऊ, इंदौर जैसे शहरों में की जा रही है।

डेलापीर मंडी कई जिलों की मंडियों का सप्लाई का केंद्र है। शुक्रवार से शहर में लगे रात्रिकालीन कर्फ्यू ने किसानों के मंडी पहुंचने पर संदेह पैदा कर दिया है। एकदम से बढ़े कोरोना के मामलों पर शासन के रुख को देखते हुए मंडी के आढ़तियों की चिंता भी बढ़ती जा रही है। मंडी में इंदौर, अलवर, सीकरी, नासिक, राजस्थान, पूना व महाराष्ट्र से प्याज पहुंच रहा है। प्याज अलग-अलग प्रदेशों से 10 टायरा ट्रकों में लाया जाता है।

मंडी आने वाले किसानों के लिए जारी होंगे आईकार्ड
कुछ दिनों पहले डेलापीर सब्जी मंडी अध्यक्ष सूजा उर्र रहमान ने कुछ आढ़तियों के साथ मिलकर मंडी सचिव से मुलाकात की। रात्रि कर्फ्यू लगने की वजह से किसानों को मंडी में आने-जाने में होने वाली दिक्कतों के बारे में चर्चा की। सब्जी मंडी अध्यक्ष ने बताया कि जल्द ही सब्जी मंडी में आने वाले सभी किसानों व आढ़तियों को आईडी कार्ड जारी कर दिए जाएंगे‍। जिसके बाद किसानों को मंडी पहुंचने में कोई परेशानी नहीं होगी, यह आईडी कार्ड ही किसानों व आढ़तियों का कर्फ्यू पास होगा।

बाहर से आने वाली सब्जियां

भिंडी, करेला, भसीड़ा, अर्बी, कटहल।

पास के क्षेत्रों से आने वाली सब्जियां

पत्ता गोभी, फूल गोभी, बैंगन, लौकी, खीरा, हरी मिर्च, शिमला मिर्च व आलू

डेलापीर मंडी में सब्जी व उनकी खपत

  • आलू – 8 से 10 क्विंटल प्रतिदिन
  • प्याज- 45 से 50 टन प्रतिदिन
  • खीरा- 20 से 25 क्विंटल प्रतिदिन
  • गोभी- 45 से 50 क्विंटलप्रतिदिन
  • हरी मिर्च- 25 से 30 क्विंटल प्रतिदिन
  • शिमला मिर्च- 20 से 22 क्विंटल प्रतिदिन
  • लौकी, तुरई- 4 से 5 क्विंटल प्रतिदिन

संबंधित समाचार