लखनऊ: धर्मांतरण मामले से जुड़े डॉ. फराज ने पूछताछ में उगले कई राज

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लखनऊ। धर्मांतरण गिरोह से जुड़े डा. फराज को रिमांड पर लेकर एटीएस ने पूछताछ शुरू कर दी है। पूछताछ के दौरान डा. फराज ने गिरोह के अन्य सदस्यों और उनके काम करने के तरीकों के बारे में कई राज उगले हैं। एटीएस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि धर्मांतरण के लिए …

लखनऊ। धर्मांतरण गिरोह से जुड़े डा. फराज को रिमांड पर लेकर एटीएस ने पूछताछ शुरू कर दी है। पूछताछ के दौरान डा. फराज ने गिरोह के अन्य सदस्यों और उनके काम करने के तरीकों के बारे में कई राज उगले हैं। एटीएस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि धर्मांतरण के लिए इन्हें फंडिंग कौन और कहां से करता था। एटीएस की विशेष अदालत ने मंगलवार को फराज की सात दिनों की रिमांड मजूर की थी जो बुधवार से शुरू हुई।

एटीएस सूत्रों की मानें तो डा. फराज के मोबाइल से टीम को धर्मांतरण कराए जाने के साक्ष्य मिले हैं। मोबाइल से कुछ डाटा डिलीट भी किया गया है। जिसे तकनीकी टीम की मदद से रिकवर कराया जा रहा है। एटीएस के हाथ यह भी जानकारी लगी है कि डा. फराज ने महाराष्ट्र के साथ ही केरल व पश्चिम बंगाल में भी अपना मजबूत नेटवर्क खड़ा कर लिया। लिहाजा एटीएस अब इन प्रदेशों में मौजूद उसके मददगारों की भी धरपकड़ करने की तैयारी कर रही है। इस्लामिक दावा सेंटर से जुड़े डॉ. फराज को 8 अगस्त को एटीएस ने महाराष्ट्र से गिरफ्तार किया था। यहां पर वह दवाखाना चलाने की आड़ में अवैध रूप से धर्मांतरण कराने का गिरोह चला रहा था।

रुपयों के लालच में करा रहा था धर्मांतरण

डा. फराज गरीब व समाज के निचले तबके के लोगों को रुपयों का लालच देकर उनका धर्मांतरण कराता था। अभी तक वह सैकड़ों लोगों का धर्मांतरण करा चुका है। उसके मोबाइल से मिले आडियो-वीडियो क्लिप और अन्य दस्तावेज भी इसी तरफ इशारा कर रहे हैं। वहीं उसके मोबाइल में दर्ज संदिग्धों के नंबरों की पड़ताल भी एटीएस कर रही है।

अभी तक दस सदस्य हो चुके हैं गिरफ्तार

एटीएस ने दिल्ली निवासी उमर गौतम व मुफ्ती काजी जहांगीर आलम कासमी को गिरफ्तार कर इस गिरोह का भंडाफोड़ किया था। उमर गौतम दिल्ली से इस्लामिक दावा सेंटर के माध्यम से धर्मांतरण करा रहा था। उसकी संस्था के सदस्य दिल्ली, महाराष्ट्र, हरियाणा, केरल व आंध्र प्रदेश तक सक्रिय थे और वहां के लोगों के संपर्क में थे। इनकी निशानदेही पर ही यूपी एटीएस टीम ने हरियाणा के मन्नू यादव उर्फ अब्दुल मन्नान, महाराष्ट्र के इरफान शेख, दिल्ली के राहुल महाराष्ट्र नागपुर से रामेश्वर कांवरे उर्फ एडम, कौसर आलम व अर्सलान और महाराष्ट्र से डॉ फराज शाह को गिरफ्तार किया है।

मुस्लिम देशों से फंडिंग होने का शक

एटीएस को शक है कि धर्मांतरण गिरोह के लोगों को हवाला के जरिए रुपये उपलब्ध कराए जाते थे। इसके साथ ही कई मुस्लिम देशों से इन लोगों को फंडिंग होने की बात सामने आ रही है। सूत्रों की मानें तो एटीएस जल्दी ही इस मामले में भी कई लोगों से पूछताछ कर सकती है।

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