कुशीनगर: मां ने चार बच्चों के साथ गंडक नहर में लगाई छलांग, ग्रमीणों ने तीन की बचाई जान, अन्य की तलाश जारी
कुशीनगर। जिले के विशुनपुरा थाना क्षेत्र के चटंगवा पुल से सोमवार को तकरीबन दो बजे के आस-पास सास से झगड़े के बाद एक मां ने अपने चार बच्चों को लेकर मुख्य पश्चिमी गंडक नहर में छलांग लगा दी। यह मंजर देख आस-पास मौजूद लोग दौड़ पड़े। ग्रामीणों की मदद से महिला और उसके दो बच्चों …
कुशीनगर। जिले के विशुनपुरा थाना क्षेत्र के चटंगवा पुल से सोमवार को तकरीबन दो बजे के आस-पास सास से झगड़े के बाद एक मां ने अपने चार बच्चों को लेकर मुख्य पश्चिमी गंडक नहर में छलांग लगा दी। यह मंजर देख आस-पास मौजूद लोग दौड़ पड़े। ग्रामीणों की मदद से महिला और उसके दो बच्चों को बचा लिया गया। उन्हें दुदही सीएचसी में भर्ती कराया गया है। वहां उनका इलाज चल रहा है, जबकि दो बच्चे लापता हैं। घटना की वजह महिला का अपनी सास से झगड़ा बताया जा रह है। पुलिस लापता दोनों बच्चों की तलाश में जुटी है।

बता दें कि बरवापट्टी थाना क्षेत्र के दशहवा गांव के धोबीघटवा टोला निवासी उमेश बैठा रोजगार के सिलसिले में बाहर है। घर में उनकी पत्नी सुनीता (35) चार बच्चे सोनी (6), शिवानी (4), सलोनी (2) और राकेश उर्फ खेसारी (एक) के साथ रहती है। बताया जा रहा है कि उसका कई दिनों से सास लाइची देवी से किसी बात को लेकर झगड़ा चल रहा है। सोमवार को सुनीता नाराज होकर चारों बच्चों को लेकर घर से निकल पड़ी। आरोप है कि जब सास उसे मनाने गई तो उसकी जमकर पिटाई कर भगा दिया। फिर बच्चों को लेकर लगभग दो बजे मुख्य पश्चिमी गंडक नहर के चटंगवा पुल पर पहुंची। वहां चारों बच्चों को एक-एक कर नहर में फेंक दिया और फिर खुद भी नहर में कूद गई।
आसपास के लोगों ने यह मंजर देख शोर मचाया तो काफी भीड़ जुट गई। उन्हें बचाने के लिए कुछ लोग भी नहर में कूद गए। किसी ने इसकी सूचना पुलिस को दी। एसओ अनिल कुमार उपाध्याय घटनास्थल पर पहुंचे। लोगों की मदद से सुनीता, सोनी, सलोनी को बचाकर बाहर निकाला। वहीं शिवानी और राकेश लापता हैं। महिला और दोनों बच्चों को पुलिस ने दुदही सीएचसी में भर्ती कराया, जहां उनका उनका इलाज चल रहा है। एसओ ने बताया कि महिला और उसके दोनों बच्चों का इलाज चल रहा है, जबकि लापता दोनों बच्चों की तलाश की जा रही है।
