बरेली: रामगंगा घाट पर अव्यवस्था, कैसे मनाएंगे 1001 का दीपोत्सव
बरेली, अमृत विचार। रामगंगा व उसकी सहयोगी नदियों को स्वच्छ बनाने के प्रति आम लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ‘गंगा उत्सव, एक नदी उत्सव’ मना रही है। इसमें चौबारी में रामगंगा घाट पर दीपोत्सव कार्यक्रम कराया जाएगा लेकिन रामगंगा घाट पर वर्तमान में अव्यवस्थाएं हैं। वहां आने-जाने का कोई रास्ता नहीं …
बरेली, अमृत विचार। रामगंगा व उसकी सहयोगी नदियों को स्वच्छ बनाने के प्रति आम लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ‘गंगा उत्सव, एक नदी उत्सव’ मना रही है। इसमें चौबारी में रामगंगा घाट पर दीपोत्सव कार्यक्रम कराया जाएगा लेकिन रामगंगा घाट पर वर्तमान में अव्यवस्थाएं हैं। वहां आने-जाने का कोई रास्ता नहीं है। बाढ़ की वजह से चिकनी और फिसलने वाली मिट्टी की परत जमने से घाट क्षेत्र से पैदल निकलना मुश्किल है। जिला प्रशासन की ओर से अभी तक घाट की सफाई कराने को विशेष इंतजाम नहीं कराए गए हैं।
रविवार को ‘दैनिक अमृत विचार’ की टीम ने रामगंगा घाट की स्थिति परखी, तब हालात बेहद खराब मिले। मुख्य सड़क से घाट तक पहुंचने के लिए कच्चा रास्ता खतरनाक है। पैदल निकलने के दौरान कई जगह पर गिरने की आशंका है। वन विभाग के कुछ कर्मचारी फावड़ा चलाते मिले लेकिन वह सफाई के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति करते नजर आ रहे थे। जबकि अव्यवस्था के बीच यहां 3 नवंबर की शाम 5 बजे से 1001 दीपो का उत्सव मनाने की तैयारी की जा रही है।
आज से रामगंगा घाट की सफाई के कार्य की होगी शुरूआत
जिला गंगा समिति के सचिव/प्रभागीय वनाधिकारी वन एवं वन्यजीव प्रभाग आदर्श कुमार के अनुसार 1 नवम्बर को सुबह 8 बजे से रामगंगा घाट की सफाई के कार्य की शुरूआत होगी। बच्चों द्वारा चित्रकला प्रतियोगिता, नदी, पर्यावरण पर आधारित क्विज, वन पर्यावरण विभाग की प्रदर्शनी करायी जाएगी।
सुबह 11 से 12 बजे तक के कार्यक्रम को गिनीज ऑफ वर्ल्ड में दर्ज कराने के लिए रिकार्ड करने का प्रयास किया जायेगा। 2 नवम्बर को सांकेतिक वृक्षारोपण का कार्यक्रम भी है। 3 नवम्बर को रामगंगा नदी के चौबारी घाट पर 5 पांच बजे से अरती की जाएगी। जिसमें 1001 दिये जलाकर दीपोत्सव कार्यक्रम मनाया जाएगा।
