बरेली: टैक्स में गड़बड़ी को लेकर एंटी करप्शन ने मंडलायुक्त से मांगी रिपोर्ट
बरेली, अमृत विचार। नगर निगम के कर विभाग में मनमाने तरीके से टैक्स की मोटी रकम की कटौती किए जाने जैसी गंभीर शिकायतें शासन के साथ ही भ्रष्टाचार निवारण संगठन लखनऊ को भेजी गई थीं। एंटी करप्शन ने इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए इस संबंध में मंडलायुक्त से रिपोर्ट मांगी है। इसमें एंटी …
बरेली, अमृत विचार। नगर निगम के कर विभाग में मनमाने तरीके से टैक्स की मोटी रकम की कटौती किए जाने जैसी गंभीर शिकायतें शासन के साथ ही भ्रष्टाचार निवारण संगठन लखनऊ को भेजी गई थीं। एंटी करप्शन ने इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए इस संबंध में मंडलायुक्त से रिपोर्ट मांगी है। इसमें एंटी करप्शन ने यह जानकारी मांगी है कि मंडलायुक्त अपने स्तर से जांच करा लें और इसमें भ्रष्टाचार से संबंधित जो भी तथ्य उजागर हो रहे हों, उसकी रिपोर्ट एंटी करप्शन को भेज दें, ताकि संबंधित बिंदुओं की विशेष जांच कराई जा सके।
बरेली में साहूकारा के राजकुमार मेहरोत्रा, चढ़ाई नीम के निवासी एडवोकेट चंद्रप्रकाश गुप्ता ने नगर निगम में टैक्स निर्धारण में गड़बड़ी को लेकर गंभीर शिकायतें की थीं। इसमें एक प्रकरण यह भी था कि वर्ष 2013-14 तक एक भवन के 715 वर्गमीटर के बेसमेंट को दिखाया गया था लेकिन बाद में 2014-15 में इस बेसमेंट को गायब कर टैक्स की गणना को कम कर दिया गया।
शिकायकर्ताओं का कहना है कि इस प्रकरण की सही से गणना की जाए तो टैक्स के बिल में करीब दो करोड़ रुपये की हेराफेरी की गई है। इसके अलावा अधिकारियों ने लिपिकीय त्रुटि बताकर कई मामलों में बचाव करने की कोशिश की है। शिकायतकर्ताओं ने मंडलायुक्त आर. रमेश कुमार से यह आग्रह भी किया है कि इस प्रकरण की जांच नगर आयुक्त के बजाय किसी वरिष्ठ अधिकारी से कराई जानी चाहिए, ताकि पूरे प्रकरण को लेकर निष्पक्ष जांच और सभी तथ्य उजागर हो सके।
इधर इस मामले को लेकर भ्रष्टाचार निवारण संगठन ने मंडलायुक्त से जांच रिपोर्ट मांगी है। एंटी करप्शन का कहना है कि इस प्रकरण में नगर निगम के दो वरिष्ठ अधिकारियों सहित कई लोगों पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। ऐसी शिकायतों का सीधे तौर से भ्रष्टाचार निवारण संगठन संज्ञान लेने के लिए अधिकृत नहीं है। इसलिए मंडलायुक्त इस प्रकरण में अपने स्तर से छानबीन कराकर कानूनी कार्रवाई कराएं। अगर उनकी जांच के दौरान भ्रष्टाचार से संबंधित तथ्य उजागर होते हैं तो उस संबंध में रिपोर्ट एंटी करप्शन को भेज दें ताकि इन बिंदुओं पर भ्रष्टाचार निवारण संगठन अलग से छानबीन करते हुए कार्रवाई कर सके।
टैक्स कम करने की फाइलें हो चुकीं तलब, लटकी तलवार
नगर निगम के टैक्स विभाग की ओर से कर कम करने के दो दर्जन से अधिक मामलों की फाइलों को शासन ने तलब किया था। इसके बाद से ही टैक्स विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों के बीच खलबली मची हुई है। बताते हैं कि इसमें शासन ने कई अधिकारियों से गोपनीय पूछताछ की है और कई बड़ी गड़बड़ी भी पकड़े जाने की भी सूचनाएं हैं। बताते हैं कि इसमें कई अधिकारी व कर्मचारियों पर कार्रवाई की तलवार भी लटकी है लेकिन कोई अधिकारी इस मामले में मुंह खोलने को तैयार नहीं है।
इस तरह की तमाम शिकायतें शासन में पहुंचती रहती है। इस संबंध में जो भी सूचनाएं या रिकार्ड शासन मांगता है, उसे उपलब्ध करा दिया जाता है। टैक्स विभाग के कर्मचारियों पर किसी तरह की कार्रवाई की सूचना मेरे पास नहीं है। -अभिषेक आनंद, नगर आयुक्त
