बरेली: रिश्वतखोरी मामले में कंप्यूटर ऑपरेटर की सेवाएं होंगी समाप्त
बरेली, अमृत विचार। जेब में रुपये रखते अल्पसंख्यक विभाग में तैनात कंप्यूटर आपरेटर से जुड़ा वीडियो वायरल होने का मामला इन दिनों सुर्खियों में है। सीडीओ चंद्र मोहन गर्ग ने जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी योगेश पांडेय को तलब करने के साथ ही शुक्रवार को आदेश जारी कर प्रकरण की जांच रिपोर्ट तीन दिन में देने …
बरेली, अमृत विचार। जेब में रुपये रखते अल्पसंख्यक विभाग में तैनात कंप्यूटर आपरेटर से जुड़ा वीडियो वायरल होने का मामला इन दिनों सुर्खियों में है। सीडीओ चंद्र मोहन गर्ग ने जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी योगेश पांडेय को तलब करने के साथ ही शुक्रवार को आदेश जारी कर प्रकरण की जांच रिपोर्ट तीन दिन में देने को कहा है। मामला रिश्वतखोरी से जुड़ा मिलने पर आपरेटर की सेवाएं समाप्त की जाएंगी।
तीन दिन पूर्व एक मदरसा संचालक ने सीडीओ को दिए शिकायती पत्र में कहा था कि उसके यहां पढ़ने वाले छात्रों की स्कालरशिप के आवेदन जब वह विकास भवन स्थित अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी कार्यालय में जमा करने गया तो यहां तैनात कंप्यूटर आपरेटर ने प्रति छात्र 10 रुपये की दर से 500 रुपये की मांग की। पैसा नहीं देने पर फार्म जमा नहीं किया।
प्रत्येक मदरसा संचालक से इस तरह से वसूली किए जाने की बात कही। इसकी पुष्टि के लिए कार्यालय में खड़े एक व्यक्ति ने आपरेटर की गोपनीय तरीके से वीडियो बना ली। जिसमें जेब में पैसा रखते हुए आपरेटर का चेहरा साफ नजर आ रहा है। हालाकि आरोपों में घिरे कंप्यूटर आपरेटर ने अपने बचाव का रास्ता भी तलाश लिया है। जेब में जो पैसा रखा जा रहा था उसे वह रिश्वतखोरी का न बताकर अपना बता रहा है।
इधर, सीडीओ ने बताया कि प्रकरण की जांच जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी योगेश पांडेय को सौंपी गई है। कार्यालय बुलाकर प्रकरण की विस्तार से जानकारी ली। कहा वायरल वीडियो में यदि कंप्यूटर आपरेटर द्वारा वसूली किए जाने का मामला पुष्ट हुआ तो उसकी सेवाएं समाप्त की जाएंगी।
