बरेली: कर्मचारियों ने कॉलेज में पूर्ण तालाबंदी एक दिन टाली
बरेली, अमृत विचार। बरेली कॉलेज में विरोध-प्रदर्शन कर रहे अस्थायी कर्मचारियों ने कॉलेज में पूर्ण तालाबंदी का निर्णय गुरुवार को आमसभा के बाद टाल दिया। कर्मचारियों का कहना है कि छात्रहित में यह निर्णय लिया है। गुरुवार को तीसरे दिन भी प्राचार्य कार्यालय और पुस्तकालय में ताला लटका रहा। गुरुवार को श्रम परिवर्तन अधिकारी आरएल …
बरेली, अमृत विचार। बरेली कॉलेज में विरोध-प्रदर्शन कर रहे अस्थायी कर्मचारियों ने कॉलेज में पूर्ण तालाबंदी का निर्णय गुरुवार को आमसभा के बाद टाल दिया। कर्मचारियों का कहना है कि छात्रहित में यह निर्णय लिया है। गुरुवार को तीसरे दिन भी प्राचार्य कार्यालय और पुस्तकालय में ताला लटका रहा। गुरुवार को श्रम परिवर्तन अधिकारी आरएल स्वर्णकार भी कॉलेज में टीम के साथ पहुंचे और कर्मचारियों से उनकी समस्याएं सुनीं।
उन्होंने प्राचार्य डा. अनुराग मोहन से भी बात की। इस पर प्राचार्य ने कर्मचारियों को दिए जाने वाले वेतन की फाइल दिखाई जिसमें आवास और बिजली के किराये की कटौती की भी जानकारी दी। श्रम परिवर्तन अधिकारी ने कर्मचारियों को इसके बारे में बताया। इस दौरान धरना स्थल पर प्राचार्य व कर्मचारियों के बीच नोकझोंक भी हुई। प्राचार्य ने बताया कि कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन दिया जा रहा है। कर्मचारियों से छात्रहित में तालाबंदी खत्म करने की अपील की है।
बरेली कॉलेज कर्मचारी कल्याण सेवा समिति के अध्यक्ष जितेंद्र मिश्रा ने बताया कि शुक्रवार को होने वाली पूर्ण तालाबंदी को छात्रहित में एक दिन के लिए टाल दिया है। विरोध करने वालों में हरीश चंद्र मौर्या, राम कुमार, वीरेंद्र पथिक, वंश गोपाल शर्मा, मुन्नी देवी, नन्ही देवी, रेखा वाल्मीकि, ममता राघव, नीता कोहली, क्रांति गंगवार, संजीव पटेल, चंद्र प्रकाश अग्निहोत्री, दीपक, रामपाल, कुलदीप, जय वीर गंगवार, हरीश चंद्र मौर्य आदि कर्मचारी मौजूद रहे।
