रुद्रपुर: यूक्रेन में फंसे जिले के 40 लोग हुए बॉर्डर क्रॉस, दो का नहीं चल पा रहा पता
रुद्रपुर, अमृत विचार। उधम सिंह नगर के दो छात्रों का संपर्क परिवार और प्रशासन से टूट गया है। इसमें एक प्रदीप हैं, जिनका पांच दिन पहले तक परिजनों के साथ संपर्क था, लेकिन अब उनका फोन खो गया है, जिससे न ही प्रशासन और न ही परिजन को उनके बारे में कुछ पता चल पा …
रुद्रपुर, अमृत विचार। उधम सिंह नगर के दो छात्रों का संपर्क परिवार और प्रशासन से टूट गया है। इसमें एक प्रदीप हैं, जिनका पांच दिन पहले तक परिजनों के साथ संपर्क था, लेकिन अब उनका फोन खो गया है, जिससे न ही प्रशासन और न ही परिजन को उनके बारे में कुछ पता चल पा रहा है। वहीं अर्जुन देव शर्मा का भी संपर्क नहीं होने से उनके परिजन परेशान हैं। दोनों का पता चल सके, इसको लेकर प्रयास किए जा रहे हैं।
रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध में कर्नाटक के रहने वाले नवीन की मौत होने के बाद से जहां परिजन अपनों को लेकर परेशान हैं तो वहीं शासन और प्रशासन के भी हाथ पैर फूले हुए हैं। जिला स्तर पर भी प्रशासन अपने-अपने जिलों के फंसे लोगों को लाने के प्रयास में जुटा हुआ है। जिले के 54 लोगों के यूक्रेन में फंसे होने की सूचना प्रशासन को मिली थी।
इसमें पांच लोगों के घर वापसी हो चुकी है, लेकिन अभी भी 50 अभी घर नहीं आ सके हैं। हालांकि इनमें आपदा प्रबंधन के संजय कवडियाल के अनुसार 40 लोग बॉर्डर क्रॉस कर चुके हैं, उनके जल्द ही घर पहुंचने की उम्मीद है। नौ लोगों से संपर्क नहीं हो पा रहा था। बाद में छह लोगों से संपर्क हो गया और फिर एक और से संपर्क कर लिया गया। लेकिन रुद्रपुर शहर में रह रहे गदरपुर के शिव मंदिर के मूल निवासी प्रदीप और बाजपुर के केलाखेड़ा के रहने वाले अर्जुन देव शर्मा से संपर्क परिवार और प्रशासन दोनों का छूट चुका है। उनसे संपर्क नहीं होने की वजह से परिजन और अधिकारी चिंतित बने हुए हैं।
प्रदीप की भाई से हुई थी बात
रुद्रपुर। आपदा प्रबंधन विभाग की रिपोर्ट के अनुसार प्रदीप की अपने भाई राजू से पांच दिन पहले बात हुई थी। उसके बाद उनसे कोई संपर्क नहीं हुआ। वह यूक्रेन के कीव में फंसे थे। वहां तनाव और युद्ध से जो स्थिति बनी हुई है, उसके बारे में उन्होंने अपने भाई को बताया था। बताया जाता है कि वहां की स्थिति के बारे में बताने के साथ ही प्रदीप ने परिजनों की चिंता कम करने के लिए उन्हें न घबराने की भी बात कही थी। लेकिन अब जब उनसे संपर्क नहीं हो पा रहा है तो परिजन चिंतित हैं और प्रदीप से संपर्क और उसका पता लगाने के लिए प्रशासन की भी कोशिश कामयाब नहीं हो रही है। वहीं बाजपुर के केलाखेड़ा के रहने वाले अर्जुन को मोबाइल नंबर सही नहीं बताया जा रहा है। गड़बड़ होने की स्थिति के कारण उनके परिजन भी चिंतित हैं। हालांकि प्रशासन पीड़ित परिजनों से संपर्क कर उनकी हिम्मत बढ़ाने में लगा है।
