कानपुर: जिले में लागू हुई नई स्क्रैप पॉलिसी, शहर के एक लाख वाहन हो जाएंगे कबाड़
कानपुर। जल्द ही नगर की सड़कों से एक लाख से अधिक खटारा वाहन गायब हो जाएंगे। स्क्रैप पालिसी लागू होने के कारण अब इनको स्क्रैप सेंटर भेजा जाएगा। एक अनुमान के अनुसार हर माह ०4 हजार वाहनों का संचालन ठप हो जाएगा। इसके लिए अभियान चलाया जाएगा। शहर में स्क्रैप सेंटर खोलने की प्रक्रिया शुरू …
कानपुर। जल्द ही नगर की सड़कों से एक लाख से अधिक खटारा वाहन गायब हो जाएंगे। स्क्रैप पालिसी लागू होने के कारण अब इनको स्क्रैप सेंटर भेजा जाएगा। एक अनुमान के अनुसार हर माह ०4 हजार वाहनों का संचालन ठप हो जाएगा। इसके लिए अभियान चलाया जाएगा। शहर में स्क्रैप सेंटर खोलने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
इस समय नगर में 1.7 लाख 237 पुराने वाहन स्क्रैप पालिसी के दायरे में हैं। इस पालिसी के तहत स्क्रैप सेंटर खोलने को आवेदन मांगे गए हैं। इनको तीन श्रेणियों में खोला जाएगा। हल्के, मध्यम व भारी वाहनों के लिए अलग-अलग स्क्रैप सेंटर बनेंगे।
स्क्रैप पालिसी के तहत कबाड़ घोषित होने वाले वाहनों के खिलाफ अभियान चलाकर उनको स्क्रैप सेंटर भेजा जाएगा। वाहन मालिक को उसकी कीमत भी दी जाएगी। इस समय शहर में कुल 14,46,6०4 वाहन पंजीकृत हैं। इनमें 13,74,572 निजी व 92,०32 कामर्शियल हैं।
नया वाहन खरीदने पर मिलेगी 25 फीसद छूट
स्क्रैप पालिसी के तहत 15 वर्ष पुराने कामर्शियल और 2० वर्ष पुराने निजी वाहनों को कबाड़ घोषित किया जाएगा। इन वाहनों को स्क्रैप सेंटर भेजा जाएगा। वहां से प्रमाण पत्र मिलेगा। इसे दिखाने पर नया वाहन खरीदते समय 25 प्रतिशत छूट मिलेगी। कबाड़ घोषित करने के लिए निजी डीजल वाहनों की आयु 15 और पेट्रोल वाहनों की 2० वर्ष निर्धारित की गई है।
ऐसे खोलें स्क्रैप सेंटर
हल्के वाहनों का स्क्रैप सेंटर खोलने को एक एकड़, मध्यम वाहनों के लिए 2. 5० एकड़ और भारी वाहनों के लिए तीन एकड़ जमीन जरूरी है। मैकेनिकल इंजीनियर, कंप्यूटर में दक्ष पांच लोगों की टीम के साथ जिलाधिकारी की ओर से जारी चरित्र प्रमाण पत्र अनिवार्य है।
शहर में स्क्रैप पालिसी लागू हो गई है। आयु पूरी कर चुके वाहनों को स्क्रैप सेंटर भेजा जाएगा। सेंटर खोलने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
राजेश सिह, आरटीओ प्रशासन
यह भी पढ़ें; सीतापुर: अनियंत्रित ट्रैक्टर ट्रॉली गड्ढे में गिरी, चालक की मौत, साथी जख्मी
