दोषी व्यक्ति सार्वजनिक पद पर नहीं रह सकता: इस्लामाबाद हाईकोर्ट
इस्लामाबाद। इस्लामाबाद उच्च न्यायालय (आईएचसी) ने पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के हनीफ अब्बासी के प्रधानमंत्री के विशेष सहायक पद पर नियुक्ति के संदर्भ में मंगलवार को कहा कि जिस व्यक्ति को किसी भी मामले में सजा सुनाई गई है, उसे पाकिस्तान में किसी भी सार्वजनिक पद के लिए अयोग्य माना जाएगा। ‘द न्यूज इंटरनेशनल’ के …
इस्लामाबाद। इस्लामाबाद उच्च न्यायालय (आईएचसी) ने पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के हनीफ अब्बासी के प्रधानमंत्री के विशेष सहायक पद पर नियुक्ति के संदर्भ में मंगलवार को कहा कि जिस व्यक्ति को किसी भी मामले में सजा सुनाई गई है, उसे पाकिस्तान में किसी भी सार्वजनिक पद के लिए अयोग्य माना जाएगा।
‘द न्यूज इंटरनेशनल’ के अनुसार, अवामी मुस्लिम लीग (एएमएल) के प्रमुख और पूर्व गृह मंत्री शेख रशीद अहमद ने एसएपीएम के रूप में हनीफ अब्बासी की नियुक्ति को चुनौती देते हुए छह मई को आईएचसी का रुख किया था। सुनवाई के दौरान आईएचसी के मुख्य न्यायाधीश अतहर मिनाल्लाह ने कहा,“एक दोषी व्यक्ति किसी सार्वजनिक पद पर नहीं रह सकता है।”
इस बीच, अब्बासी के वकील ने तर्क दिया कि एसएपीएम पद अन्य सार्वजनिक कार्यालयों के समान नहीं है। अदालत ने अब्बासी से अगली सुनवाई तक सार्वजनिक कार्यालय का उपयोग नहीं करने का आग्रह किया। अगली सुनवाई की तारिख 27 मई मुकर्रर की गई है।
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