ऑस्ट्रेलिया में आम चुनाव के लिए मतदान जारी, चीन से लेकर महंगाई तक बड़े मुद्दे, क्या कुर्सी बचा पाएंगे पीएम मॉरिसन?

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कैनबरा। ऑस्ट्रेलिया में आम चुनाव के लिए मतदान की प्रक्रिया शनिवार सुबह से मतदान जारी है। देश भर के मतदान केंद्र लाखों की संख्या में ऑस्ट्रेलियाई मतदाताओं के लिए सुबह आठ बजे (स्थानीय समयानुसार) से शाम के छह बजे तक खुले रहेंगे। बहुमत की सरकार बनाने के लिए किसी पार्टी को संसद के निचले सदन …

कैनबरा। ऑस्ट्रेलिया में आम चुनाव के लिए मतदान की प्रक्रिया शनिवार सुबह से मतदान जारी है। देश भर के मतदान केंद्र लाखों की संख्या में ऑस्ट्रेलियाई मतदाताओं के लिए सुबह आठ बजे (स्थानीय समयानुसार) से शाम के छह बजे तक खुले रहेंगे। बहुमत की सरकार बनाने के लिए किसी पार्टी को संसद के निचले सदन प्रतिनिधि सभा में उपलब्ध 151 सीटों में से कम से कम 76 सीटों पर जीत हासिल करनी होगी। ऑस्ट्रेलिया के जनमत सर्वेक्षण के अनुसार, शुक्रवार रात को प्रकाशित न्यूजपोल के मुताबिक लेबर पार्टी दो-पक्षीय पसंदीदा आधार पर गठबंधन 53-47 का नेतृत्व कर रही है।

इस चुनाव में प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन और विपक्ष के नेता एंथनी अल्बनीस एक-दूसरे के आमने-सामने हैं। न्यूजपोल के मुताबिक, दोनों को 42-42 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने अपना पसंदीदा प्रधानमंत्री चुना है।

सर्वेक्षण के नतीजे के मुताबिक, 36 प्रतिशत मतदाता लेबर पार्टी के लिए मतदान करने का इरादा रखते हैं, जबकि 35 प्रतिशत गठबंधन के पक्ष में हैं। ऑस्ट्रेलिया में 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के सभी नागरिकों के लिए मतदान करना अनिवार्य है। ऑस्ट्रेलियाई चुनाव आयोग के अनुसार, इस वर्ष 1.7 करोड़ से अधिक लोगों ने मतदान करने के लिए नामांकन दाखिल किया है।

किस्मत से प्रधानमंत्री बने मॉरिसन
मॉरिसन के बारे में कहा जाता है कि वह संयोग से प्रधानमंत्री बने जब 2018 में तत्कालीन सरकार ने प्रधानमंत्री मैल्कम टर्नबुल को हटाकर उन्हें इस पद पर बिठा दिया। साल 2019 में हुए चुनाव में उनकी कन्जरवेटिव लिबरल पार्टी को मामूली अंतर से जीत मिली, लेकिन लेबर पार्टी की मदद से वह सत्ता में बने रहे। ऑस्ट्रेलिया में लोअर चेंबर यानी निचले सदन की 151 सीटों के लिए मतदान होगा। इसका कार्यकाल तीन साल का होता है।

ऑस्ट्रेलिया चुनाव में किनके बीच मुकाबला?
ऑस्ट्रेलिया के चुनाव में महंगाई, जलवायु परिवर्तन और चीन सबसे बड़ा मुद्दा है। PM मोदी के मित्रों में से एक प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन और विपक्षी लेबर पार्टी के नेता एंथोनी अल्बनीज के बीच कड़ी टक्कर मानी जा रही है। प्रधानमंत्री मॉरिसन ने कहा है कि मुद्रास्फीति दुनियाभर में हुई है, लेकिन ऑस्ट्रेलिया ने इसमें बेहर प्रदर्शन किया है। वहीं अल्बनीज चाहते हैं कि मजदूरी को भी मुद्रास्फीति के साथ बढ़ाया जाए।

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