रामपुर: ईडी ने आजम खां की संपत्ति की खंगालीं पत्रावलियां, जानें पूरा मामला

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

रामपुर, अमृत विचार। प्रवर्तन निदेशालय की टीम ने पूर्व मंत्री आजम खां और स्वार-टांडा के विधायक अब्दुल्ला आजम की संपत्ति से संबंधित पत्रावलियां खंगाली। इससे पहले 11 मई 2022 को भी लखनऊ से आई ईडी की टीम ने आजम खां के नाम की खसरा-खतौनियों की जांच पड़ताल की थी और कुछ पत्रावलियों की छाया प्रतियां …

रामपुर, अमृत विचार। प्रवर्तन निदेशालय की टीम ने पूर्व मंत्री आजम खां और स्वार-टांडा के विधायक अब्दुल्ला आजम की संपत्ति से संबंधित पत्रावलियां खंगाली। इससे पहले 11 मई 2022 को भी लखनऊ से आई ईडी की टीम ने आजम खां के नाम की खसरा-खतौनियों की जांच पड़ताल की थी और कुछ पत्रावलियों की छाया प्रतियां अपने साथ ले गई थी। ईडी की टीम ने सिविल लाइंस थाने में मनीलांड्रिंग और जुआ खेलने के मामले में पकड़े गए अब्दुल्ला के दो दोस्तों समेत पच्चीस लोगों से पूछताछ की थी। ईडी के रडार पर आजम और अब्दुल्ला के कई करीबी भी हैं।

थाना सिविल लाइंस में ईडी की टीम के रामपुर पहुंचते ही यह खबर जंगल की आग की तरह पूरे शहर में फैल गई और सपाइयों में खलबली मच गई। प्रवर्तन निदेशालय ने भाजपा नेता आकाश सक्सेना की शिकायत पर मुकदमा दर्ज किया था। मुकदमा दर्ज होने के बाद ईडी की टीम 11 मई को रामपुर आई थी और जौहर विश्वविद्यालय में शत्रु संपत्ति की नापजोख कराई थी और आजम खां की संपत्ति से संबंधित पत्रावलियों को खंगाला था।

ईडी की दो सदस्यीय टीम ने करोड़ों के लेनदेन के मामले में सिविल लाइंस थाने में पकड़े गए अब्दुल्ला के दोस्त अनवार और सालिम से पूछताछ की। इसके बाद करीब 25 लोगों से घंटों पूछताछ की। नाम नहीं छापने की शर्त पर एक अधिकारी ने बताया कि पंद्रह-सोलह सौ करोड़ का मामला है इसके अलावा पांच कंपनियां बनाई गईं थी तमाम मामलों में ईडी छानबीन कर रही है। सूत्रों ने बताया कि ईडी की टीम ने आजम खां और अब्दुल्ला आजम की संपत्ति की पत्रावलियां भी खंगाली हैं। मंगलवार को ईडी की टीम पत्रावलियों की फोटो प्रतियों का पुलिंदा लेकर लखनऊ रवाना हो गई है।

आजम का काम करने वाले ठेकेदार भी जांच के घेरे में
पूर्व मंत्री आजम खां की निधि और अन्य मदों से आए सरकारी रुपयों का काम कराने वाले कुछ ठेकेदार भी जांच के घेरे में हैं। ठेकेदारों से भी पूछताछ की जाएगी। सवाल शहर में हुए सीवर लाइन बिछाने और बिजली लाइन अंडरग्राउंड कराने के काम पर भी है, क्योंकि सीवर लाइन और बिजली अंडरग्राउंड फेल हो चुका है। करोड़ों रुपये खर्च करने के बाद भी लोगों को इसका लाभ नहीं मिला है। इसके साथ ही जौहर विवि के अंदर उतारने को बनाए गए एकता तिराहा फ्लाईओवर का मामला भी जांच में है, जोकि करीब सौ करोड़ खर्च होने के बाद भी किसी काम का नहीं है।

यह भी पढ़ें- रामपुर : आजम खान की मुश्किलें और बढ़ी, पुलिस ने जौहर यूनिवर्सिटी से बरामद की चोरी हुई किताबें

संबंधित समाचार