बरेली: 72 घंटे से संक्रमित को नहीं किया आइसोलेट, दहशत
बरेली, अमृत विचार। संक्रमण फैलने के साथ स्वास्थ्य सेवाएं भी लड़खड़ा गईं हैं। स्वास्थ्य विभाग अब संक्रमित लोगों को समय पर आईसोलेट नहीं करा पा रहा है। मंगलवार को गांधीपुरम का एक मामला सामने आया, जहां 72 घंटे से अधिक का समय होने के बाद भी संक्रमित व्यक्ति को आइसोलेट नहीं किया गया है। दूसरी …
बरेली, अमृत विचार। संक्रमण फैलने के साथ स्वास्थ्य सेवाएं भी लड़खड़ा गईं हैं। स्वास्थ्य विभाग अब संक्रमित लोगों को समय पर आईसोलेट नहीं करा पा रहा है। मंगलवार को गांधीपुरम का एक मामला सामने आया, जहां 72 घंटे से अधिक का समय होने के बाद भी संक्रमित व्यक्ति को आइसोलेट नहीं किया गया है।
दूसरी ओर यह संक्रमित मरीज और जिस मकान में यह किराए पर रहता है, उसका मालिक भी बचाव नहीं कर रहा है। बताते हैं कि मकान में बनी दुकान को मालिक खोल रहा है। उस पर प्रशासन द्वारा घर पर चस्पा किए गए नोटिस को फाड़ने का भी आरोप लग रहा है। इससे कॉलोनी में दहशत बनी हुई है।
गांधीपुरम, बड़ा बाग हनुमान मंदिर के पीछे में भय का वातावरण उस समय उत्पन्न हो गया, जब 19 जुलाई की रिपोर्ट में पहले नंबर पर गांधीपुरम निवासी एक व्यक्ति के किराएदार की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। बताया जा रहा है कि यह व्यक्ति सैफई इटावा से आए थे, लेकिन वह और उनके मकान मालिक रिपोर्ट को अस्वीकार करते हुए सैफई, इटावा में कराई जांच की पुरानी निगेटिव रिपोर्ट दिखाते रहे, लेकिन जब कॉलोनी वाले नहीं माने तो उन्होंने फिर से टेस्ट कराया। उसकी निगेटिव रिपोर्ट दिखाकर लोगों के द्वारा दोनों ओर से बांधी रस्सियों और बल्लियों को हटा दिया।
आरोप यह भी है कि एक दिन पहले प्रशासन द्वारा क्वारेंटाइन के लिए घर पर चस्पा किया पर्चा भी फाड़ दिया। मकान मालिक ने दुकान भी खोल ली। इस पर चिंता जाहिर करते हुए लोगों ने महामारी विशेषज्ञ अब्बास, जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ अशोक व सीएमओ से शिकायत की तो उन्होंने नियमानुसार रिपोर्ट एक बार पॉजिटिव आने के बाद 17 दिन क्वारेंटाइन रहने की बात लोगों को बताई लेकिन तत्काल कोई कार्रवाई नहीं की। इससे लोगों में संक्रमण फैलने को लेकर डर बना हुआ है।
