रामपुर: आजम का खेल खराब करने को हर बार भाजपा का समर्थन करता है ‘नूरमहल’
बसपा के भी वॉकओवर करने से कैडर वोट के सामने भी नहीं है वोट विकल्प
लोकसभा उपचुनाव में कांग्रेस ने वॉकओवर दिया अब विधानसभा उपचुनाव में भी ऐसा कर दिया। ऐसी स्थिति में खाटी कांग्रेसियों के सामने वोट किसे देने का
रामपुर, अमृत विचार। लोकसभा उपचुनाव में कांग्रेस ने वॉकओवर दिया अब विधानसभा उपचुनाव में भी ऐसा कर दिया। ऐसी स्थिति में खाटी कांग्रेसियों के सामने वोट किसे देने का संकट है, यह ऐसे वोटर हैं जो कांग्रेस के सिवाय किसी को मतदान नहीं करते हैं। ठीक ऐसी ही स्थिति बसपा के वॉकओवर करने से कैडर के वोटों के सामने भी है। हालांकि आजम खां का खेल खराब करने के लिए वरिष्ठ कांग्रेस नेता पूर्व मंत्री नवाब काजिम अली खां उर्फ नवेद मियां ने भाजपा प्रत्याशी आकाश सक्सेना को समर्थन की घोषणा की है।
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विधानसभा उपचुनाव जल्द परवान चढ़ने वाला है, ऐसे में रामपुर के नूरमहल में कांग्रेस के नहीं भाजपा जिंदाबाद के नारे गूंजने लगे हैं। नवेद मियां लोकसभा उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी घनश्याम सिंह लोधी के साथ थे अब विधानसभा उपचुनाव में भी वे भाजपा प्रत्याशी आकाश सक्सेना के साथ आ गए हैं। कांग्रेस की राजनीति का गढ़ रही कोठी नूरमहल में इस बार भी भाजपा के नारे लग रहे हैं। ऐसे में जिले के खाटी कांग्रेसियों को यह बात बड़ी नागवार गुजर रही होगी।
हालांकि पूर्व सांसद बेगम नूरबानो की तरफ से कोई बयान नहीं आया है, वह चुप हैं। लेकिन उनके बेटे नवेद मियां ने खुला समर्थन भाजपा को देकर नई इबारत लिखने की दूसरी कोशिश की है। इनका कहना है कि धुर विरोधी आजम खां को सबक सिखाने के लिए उन्होंने ऐसा किया है। लेकिन जमीन से जुड़े उन कांग्रेसियों से पूछिए जिनकी भावना हाथ के पंजे से जुड़ी हुई हैं।
खुद जमानत भी नहीं बचा सके थे नवेद मियां
आपको बता दें कि हर बार भाजपा को समर्थन का दावा करके जिताने की बात करने वाले नवेद मियां 2022 के विधानसभा चुनाव में आजम खां के खिलाफ शहर विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस के टिकट पर मैदान में उतरे थे। तब आजम खां 55 हजार वोटों से जीते थे। भाजपा के आकाश सक्सेना दूसरे स्थान पर रहे थे। लेकिन कांग्रेस के नवेद मियां को सिर्फ 3977 वोट मिले थे, तब नवेद मियां अपनी जमानत भी जब्त होने से नहीं बचा सके थे। नवेद मियां से ज्यादा वोट तो बसपा के प्रत्याशी नया चेहरा के रूप में सदाकत हुसैन 4875 वोट मिले थे। यह बात अलग है कि पहली बार लड़े सदाकत की भी जमानत नहीं बची थी।
आखिर क्यों चुप बैठा है कांग्रेस हाईकमान
एक तरफ कांग्रेस चुनावों में लगातार पिछड़ रही है। दूसरी तरफ कांग्रेस के बड़े नेता ही वॉकओवर देने में लगे हैं। रामपुर में नवेद मियां के दूसरी बार भाजपा प्रत्याशी को समर्थन की खुली घोषणा करने के बाद भी कांग्रेस हाईकमान के जिम्मेदार आंख बंद किए बैठे हैं। एक बार भी नवेद मियां पर अनुशासनहीनता की कार्रवाई नहीं की गई। इस संबंध में कांग्रेस के जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र देव गुप्ता से इस बारे में जानकारी लेने की कोशिश की गई तो उन्होंने मोबाइल फोन ही नहीं उठाया। प्रांतीय अध्यक्ष नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने भी पक्ष जानने को काल करने पर फोन रिसीव नहीं किया। जबकि शहर के तमाम कांग्रेसियों ने नवेद मियां के इस फैसले पर ऐतराज किया, नाम नहीं छापने की बात पर बताया कि जब पार्टी ने वॉकओवर दिया है तो उन्हें भी चुप रहना चाहिए था। भाजपा का समर्थन करना है तो कांग्रेस छोड़कर करना चाहिए था। या भाजपा ज्वाइन कर लेनी चाहिए थी।
नवेद मियां का भाजपा प्रत्याशी को खुला समर्थन
उप चुनाव में पूर्व मंत्री नवाब काजिम अली खां उर्फ नवेद मियां ने सपा प्रत्याशी को हराने के लिए भाजपा प्रत्याशी आकाश सक्सेना का खुलकर समर्थन कर दिया है। भाजपा प्रत्याशी आकाश सक्सेना शुक्रवार देर रात्रि पूर्व मंत्री नवेद मियां के आवास नूर महल पहुंचे थे। गन्ना विकास परिषद के पूर्व चेयरमैन बाबर अली खां समेत नवेद मियां के तमाम समर्थक भी वहां मौजूद थे। लगभग दो घंटे तक हुई चर्चा के बाद नवेद मियां ने आकाश सक्सेना के समर्थन की घोषणा कर दी।
देर रात्रि इस मुलाकात की तस्वीरें भी सोशल मीडिया पर वायरल होने लगी थीं। पूर्व मंत्री ने पीआरओ काशिफ खां ने नूर महल में हुई इस मुलाकात की पुष्टि की है। चुनावी मैदान में सपा और भाजपा के अलावा कोई अन्य राजनीतिक दल नहीं है और यह सब जानते हैं कि नवेद मियां द्वारा आजम खां के प्रत्याशी को समर्थन नहीं दिया जा सकता, इसलिए उनके द्वारा आकाश सक्सेना को जिताने के लिए कार्य किया जाएगा।
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