शारीरिक प्रताड़ना से परेशान छात्र ने की आत्महत्या, सुसाइड नोट में ट्रेनर समेत अन्य को ठहराया मौत का जिम्मेदार
अमृत विचार लखनऊ। इंदिरानगर थाना क्षेत्र निवासी छात्र ने शारीरिक प्रताड़ना से परेशान होकर फांसी लगाकर जान दे दी। छात्र ने फांसी लगाने के पहले तीन पन्नों का सुसाइड नोट लिखा था। सुसाइड नोट में छात्र ने ट्रेनर समेत अन्य को अपने मौत का जिम्मेदार ठहराया है। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक छात्र की पहचान शिवपुरी कॉलोनी निवासी जयदीप यादव (21) के रूप में हुई है। तहरीर पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर मामले की छानबीन शुरू कर दिया है।
जानकारी अनुसार शिवपुरी कॉलोनी निवासी संत कुमार यादव ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनके तीन बेटे हैं। जयदीप यादव सबसे छोटा है। वह रूमी गेट स्थित जवाहरलाल नेहरू युवा कौशल केंद्र में सीएनजी किट फिटर की ट्रेनिंग ले रहा था। जयदीप सोमवार की रात खाना खाने के बाद कमरे में सोने गया। सुबह जब कमरे का दरवाजा नहीं खुला तो बड़े भाई प्रदीप ने अपनी पत्नी से उसे देखने को कहा। काफी देर तक दरवाजा खटखटाने पर जयदीप नहीं उठा तो परिजनों ने खिड़की से देखा तो पंखे में फंदे के सहारे शव लटक रहा था। परिजनों ने दरवाजा तोड़ कर उसे डॉ राम मनोहर लोहिया अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
तीन पन्नों का मिला सुसाइड नोट
जयदीप यादव के कमरे से पुलिस को तीन पन्नों का सुसाइड नोट बरामद हुआ। सुसाइड नोट में उसने अपनी मौत का कई लोगों को जिम्मेदार ठहराया है। सुसाइड नोट में लिखा कि उसे ट्रेनिंग सेंटर में लगातार प्रताड़ित किया जाता था। साथ ही उसके साथ मारपीट कर उसका मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। जिसकी शिकायत पर टीचर कुछ नहीं करते थे। जिससे वह प्रताड़ित होकर आत्महत्या कर रहा है। उसने आगे लिखा कि मुझे न्याय मिलना चाहिए। साथ ही उसने अपनी मौत के लिए ट्रेनर राजेंद्र सिंह ठाकुर और सेंटर हेड समेत कई छात्रों पर गंभीर आरोप लगाया है। मृतक ने ट्रेनर राजेंद्र सिंह ठाकुर पर नौकरी लगवाने का झांसा देकर उसका शारीरिक शोषण करने और ब्लैकमेल करने का भी आरोप लगाया है। वहीं भाई प्रदीप यादव ने पुलिस पर मुकदमा ना लिखने का आरोप भी लगाया है। आरोप है कि मुख्यमंत्री से शिकायत के बाद पुलिस ने बुधवार देर शाम मुकदमा दर्ज किया है। मगर आरोपियों पर कोई कार्रवाई नहीं की। वहीं, प्रदीप ने आशंका जताई है कि भाई जयदीप के साथ सामूहिक कुकर्म भी होता था।
कोट…
परिजनों की तहरीर पर ट्रेनर राजेंद्र सिंह ठाकुर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। साक्ष्य के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। अगर जांच में आरोपी दोषी पाया जाता है तो उसे गिरफ्तार किया जाएगा।
छत्रपाल सिंह, थाना प्रभारी इंदिरानगर
