Kanpur : CCTV की मदद से जांच में निर्दोष मिले एसआई व सिपाही, Viral Video के आधार पर पुलिस ने शुरू की जांच
Kanpur News कानपुर में युवती के साथ एसआई का हाथापाई करते वीडियो हुआ था वायरल।
Kanpur News कानपुर के ककवन थाना क्षेत्र का एक वीडियो रविवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था । वायरल वीडियो में एक युवती एसआई से हाथापाई करती नजर आ रही थी। एडीसीपी वेस्ट और दक्षिण ने की पूरे मामले की जांच शुरू की है।
कानपुर, अमृत विचार। Kanpur News ककवन थानाक्षेत्र अंतर्गत रविवार को युवती के साथ हाथापाई करते वायरल हुए एक एसआई के वीडियो के प्रकरण की जांच में पूरा सच सामने आ गया है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस कमिश्नर बीपी जोगदंड और संयुक्त पुलिस आयुक्त आनंद प्रकाश तिवारी ने मामले की जांच एडीसीपी वेस्ट लाखन सिंह यादव व दक्षिण अंकिता शर्मा को दी थी।
रातभर चली जांच में एसआई और सिपाही पूरी तरह से निर्दोष पाए गए हैं। पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर अब पुलिसकर्मियों से अभद्रता करने के मामले में परिवार के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा। यह जानकारी एडीसीपी दक्षिण अंकिता शर्मा ने एक प्रेसवार्ता के दौरान दी।
उन्होंने बताया कि 25 दिसंबर को मुकदमा अपराध संख्या-128/2022 के अन्तर्गत धारा 366 के वादी रामेश्वर निवासी हरिपुरवा विषधन के घर विवेचना के क्रम में आधार कार्ड प्राप्त करने के लिए विवेचक उपनिरीक्षक गर्वित त्यागी वादी के घर गये थे। उसने तीन दिसंबर को 128/22 का मुकदमा ककवन में दर्ज कराया था।
जिसमें वादी द्वारा अपनी पुत्री के अभियुक्त विवेक द्वारा अपहरण किए जाने की बात कही थी। इस मामले में पुलिस ने लड़की को बरामद कर दोनों के बयान लिए थे। एडीसीपी ने बताया कि दोनों बालिग हैं, और अपनी मर्जी से विवाह कर लिया है। जानकारी देते हुए बताया कि विवेचना के क्रम में अंतिम रिपोर्ट दाखिल किए जाने के लिए आधार कार्ड के लिये रविवार शाम साढ़े चार बजे वादी के आवास पर पहुँचे थे।
जहां परिवार ने उपनिरीक्षक के साथ अभद्रता, दुर्व्यवहार एवं मारपीट की। साथ ही मोबाइल छीनकर घर के अन्दर बन्द कर दिया। कहाकि कि वायरल वीडियो में साफ दिख रही युवती के साथ हाथापाई विवेचक के द्वारा विषम परिस्थितियों में अपने बचाव के लिए किया जाना पाया गया।
भागकर बचाई जान, तब दी 112 को सूचना
इस घटना की सूचना साथ में गए आरक्षी द्वारा भागकर अन्य व्यक्ति से मोबाइल मांगकर 112 को दी गई। जिसके बाद पीआरवी तथा चौकी प्रभारी के पहुंचने पर एसआई को उनके चंगुल से छुटकारा दिलाया गया। घटना की गम्भीरता को देखते हुए पुलिस कमिश्नर बीपी जोगदंड के निर्देश पर एडीसीपी को भेजा गया। इस मौके पर सभी तथ्यों को समझा, जाँचा तथा परीक्षण किया। जाँच में यह स्पष्ट पाया गया की उपनिरीक्षक विषम परिस्थितियों में खुद को बचाने के लिए युवती के हाथ पकड़ रखे थे। जिससे की उसके साथ किसी अन्य प्रकार की स्थिति उत्पन्न ना होने पाए।
घटना के बाद लिए गए कई लोगों के बयान
घटना के समय वहां उपस्थित एवं घटना से जुड़े सभी लोगों के बयान, उनके बयानों का परीक्षण, बयानों का प्रति परीक्षण, आस पड़ोस के सभी उपस्थित लोगों के बयान, पड़ोस में लगे सीसीटीवी कैमरे की फ़ीड, अन्य लोगों से प्राप्त मल्टी मीडिया मोबाइल से लिए गए फुटेज आदि को देखना आदि जाँच के कार्य किए गए है। इस संदर्भ में पुलिस द्वारा सभी आवश्यक कार्यवाही की जा रही हैं, जिससे कि भविष्य में इस प्रकार की परिस्थितियों से बचा जा सके। पुलिस से मारपीट और अभद्रता करने वाले परिवार के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
