बिहार: सात नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर, बाढ़ से 74 लाख आबादी प्रभावित
पटना। नेपाल और बिहार के जलग्रहण क्षेत्रों में हो रही बारिश के कारण सात नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर रहने से अब तक 16 जिले के 74 लाख 19 हजार लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। केंद्रीय जल आयोग की ओर से रविवार को नदियों के दैनिक जलस्तर और बाढ़ पूर्वानुमान के …
पटना। नेपाल और बिहार के जलग्रहण क्षेत्रों में हो रही बारिश के कारण सात नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर रहने से अब तक 16 जिले के 74 लाख 19 हजार लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। केंद्रीय जल आयोग की ओर से रविवार को नदियों के दैनिक जलस्तर और बाढ़ पूर्वानुमान के जारी आंकड़े के अनुसार, बिहार में बूढ़ी गंडक और बागमती नदी का जलस्तर चार-चार स्थान पर, घाघरा, अधवारा समूह और कोसी दो-दो स्थान पर तथा गंगा और गंडक नदी का जलस्तर एक-एक स्थान पर खतरे के निशान से ऊपर रिकॉर्ड किया गया है।
बिहार में बूढ़ी गंडक नदी का जलस्तर मुजफ्फरपुर के सिकंदरपुर में 44 सेंटीमीटर, समस्तीपुर में 153 सेंटीमीटर, रोसड़ा में 288 सेंटीमीटर और खगड़िया में 112 सेंटीमीटर वहीं घाघरा नदी सीवान के दरौली में 39 सेंटीमीटर एवं गंगपुरसिसवन में 59 सेंटीमीटर, गंगा नदी भागलपुर के कहलगांव में 17 सेंटीमीटर तथा गंडक गोपालगंज के डुमरियाघाट में 81 सेंटीमीटर ऊपर है।
इसी तरह बागमती नदी सीतामढ़ी जिले के ढेंग ब्रिज में 10 सेंटीमीटर, मुजफ्फरपुर जिले के रुन्नीसैदपुर में 99 सेंटीमीटर एवं बेनीबाद में 89 सेंटीमीटर, दरभंगा के हायाघाट में 229 सेंटीमीटर तथा अधवारा समूह दरभंगा के कमतौल में 88 सेंटीमीटर एवं एकमीघाट में 203 सेंटीमीटर, कोसी नदी खगड़िया के बलतारा में 193 सेंटीमीटर, कटिहार के कुरसेला में 31 सेंटीमीटर खतरे के निशान से ऊपर बह रही है।
