बदायूं: सहसवान कोतवाली में युवक ने कैरोसिन डालकर खुद को लगाई आग, हालत नाजुक

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

धारा 326 बढ़ाने की धमकी देकर एक लाख रुपये मांग रहे थे पुलिस वाले, आटो में कैरोसिन भरी केन रखकर ले गया था, पुलिस पर पिटाई का आरोप

बदायूं, अमृत विचार: सहसवान पुलिस की प्रताड़ना से तंग आकर केशो की मढ़ैया गांव निवासी युवक श्रीपाल ने कोतवाली जाकर अपने ऊपर कैरोसिन उलट लिया और आग लगा ली। मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने दौड़कर आग बुझाई तब तक श्रीपाल बुरी तरह झुलस चुका था। गंभीर हालत में उसे राजकीय मेडिकल ले जाया गया।

वहां से उसे सैफई रैफर कर दिया गया। परिजन का आरोप है कि महेश के खिलाफ दर्ज मारपीट के मुकदमे में धारा 326 बढ़ाने की कहकर पुलिस वाले घूस में एक लाख रुपये मांग रहे थे। रकम ना देने पर उसे जेल भेजने की धमकी दी जा रही थी। नौ जनवरी को कोतवाली सहसवान क्षेत्र के ग्राम केशो की मढ़ैया निवासी महेश के खेत में उसके मौसेरे भाई वीरपाल की बकरी घुस गई थी। आरोप है कि तभी महेश ने बकरी को मार डाला।

इसी को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ था। फिर दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई थी। मारपीट के दौरान महेश का दांत टूट गया था। वीरपाल की तहरीर पर पुलिस ने महेश, उसके भाई राजवीर, विक्रम, पृथ्वीराज के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली। दूसरे पक्ष महेश की ओर से वीरपाल, कुंवरपाल, श्रीपाल और उनकी बहन नन्हीं समेत पांच के खिलाफ मारपीट की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।

इन दोनों मुकदमों की विवेचना अपराध निरीक्षक दिगंबर सिंह कर रहे थे। भाई कुंवरपाल का आरोप है कि उनके खिलाफ दर्ज मुकदमे में धारा 326 बढ़ाने की धमकी देते श्रीपाल से विवेचक ने 1 लाख 35 हजार रुपयों मांगे। पुलिस ने श्रीपाल को यह भी बताया कि 326 के मुकदमें में आजीवन कारावास की सजा होती है।

आरोप है कि पुलिस ने श्रीपाल व उसके घरवालों को कई सहसवान कोतवाली बुलाया और मारा पीटा भी। पुलिस वाले बार-बार बयान दर्ज करने के नाम पर कोतवाली बुलाकर रुपयों की मांग करती रही। परिजन के मुताबिक सोामवार को बयान दर्ज कराने की कहकर पुलिस ने पहले वीरपाल को कोतवाली बुलाया। जहां पुलिस कर्मियों ने उसे पीटा।

इसके बाद श्रीपाल को कोतवाली बुलाया गया। श्रीपाल अपना ही ऑटो चलाता है। शाम करीब पांच बजे वह कोतवाली पहुंचातो उसने अपना आटो कोतवाली गेट पर खड़ा कर दिया। उसमें रखी एक केन में कैरोसिन भरा था। वह कोतवाली के अंदर गया तो उससे रुपयों की मांग की गई। रकम न देने पर जेल भेजने की धमकी दी।

श्रीपाल रुपये लेने के बात कहकर कोतवाली बाहर निकला और गेट पर खड़े आटो के अंदर से केन निकालकर कैरोसिन अपने ऊपर उलट लिया और आग लगा ली। वह जलते हुए कोतवाली परिसर में पहुंचा। उसकी चीख सुनकर वहां मौजूद पुलिस वाले घबरा गए। उन्होंने कंबल डालकर किसी तरह श्रीपाल के कपड़ों की आग बुझाई।

मगर तब तक वह लगभग 50 प्रतिशत तक झुलस चुका था गए। उसे फौरन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। वहां से चिकित्सक ने राजकीय मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। 
घटना का पता लगने पर एसएसपी डॉ. ओपी सिंह, एसपी देहात सिद्धार्थ वर्मा, सिटी मजिस्ट्रेट ब्रजेश कुमार, एसडीएम सदर एसपी वर्मा राजकीय मेडिकल कॉलेज जा पहुंचे।

जहां श्रीपाल के परिजनों ने अपराध निरीक्षक और सीओ सहसवान का नाम लेते हुए पुलिस कर्मी पर रुपये मांगने का आरोप लगाया। हालत गंभीर होने पर श्रीपाल को सैफई के राजकीय मेडिकल कॉलेज भेजा दिया गया है। मौसेरे भायों के बीच विवाद हो गया था। दोनों ओर से रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी, जिसमें श्रीपाल वांछित चल रहा था।

श्रीपाल सहसवान कोतवाली गेट पर खुद को आग लगाकर आत्मदाह का प्रयास किया। पुलिस पर दबाव बनाने के उद्देश्य से ऐसा किया गया। उसे इलाज के लिए राजकीय मेडिकल कॉलेज लाया गया। अग्रिम कानूनी कार्रवाई की जा रही है। - डॉ. ओपी सिंह, एसएसपी

ये भी पढ़ें - बदायूं: खेलते समय तालाब में गिरी बच्ची, पानी में डूबने से मौत

संबंधित समाचार