रामपुर: अखिलेश यादव के नाम के शिलापट पर हथौड़ा चलाने वाले आइम्फ अध्यक्ष को जमानत
रामपुर, अमृत विचार। बापू मॉल में लगे पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव, पूर्व मंत्री आजम खां के नाम के शिलापट पर हथौड़ा चलाकर तोड़ने वाले आरोपी अखिल भारतीय मुस्लिम महासंघ (आइम्फ) के स्वयंभू राष्ट्रीय अध्यक्ष फरहत अली खां को गुरुवार को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम की कोर्ट से जमानत मिल गई ।
सपा शासनकाल में तोपखाना स्थित बापू माल का शिलान्यास 27 नवंबर 2016 में तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने किया था। बापू माल 24 करोड़ 96 लाख रुपए की लागत से बना था। जिसका उद्घाटन भी अखिलेश यादव और आजम खां ने किया था।
रविवार को बापू माल में पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव, आजम खां के नाम के लगे शिलापट को अखिल भारतीय मुस्लिम महासंघ (एआइएमएफ) के राष्ट्रीय अध्यक्ष फरहत अली खां ने हथौड़े चलाकर रविवार को तोड़ दिया था। माल में लगे शिलापट पर हथौड़े चलने की सूचना मिलने पर पालिका अफसरों में खलबली मच गई थी।
वायरल वीडियो में राष्ट्रीय अध्यक्ष फरहत खां कह रहा है कि जब आजम खां, उनके बेटे अब्दुल्ला को मताधिकार का प्रयोग करने का अधिकार खत्म कर दिया गया है। तो फिर ऐसे शिलापटों पर नाम लिखने का क्या मतलब रह गया है। जिसके बाद पुलिस महकमे के अधिकारी सक्रिय हो गए थे।
नगर पालिका में तैनात संपत्ति लिपिक अफजल समीर की तहरीर के आधार पर कोतवाली पुलिस ने अखिल भारतीय मुस्लिम महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष फरहत अली खां के खिलाफ लोकसंपत्ति को क्षति पहुंचाने की धारा 427 और धारा 2/3/7 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली थी। उसके बाद पुलिस ने उसको गिरफ्तार करने के बाद कोर्ट में पेश किया था। जहां गुरुवार को उनके अधिवक्ता मोहम्मद रेहान पाशा ने अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम के यहां पर जमानत के लिए प्रार्थना प्रत्र स्वीकार किया। उसके बाद दोनों पक्षों की बहस के आरोपी की
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