विधानसभा में फिर गूंजा Banda-Kanpur वाया ललौली सड़क मार्ग का मुद्दा, कहा- लोक महत्व से जुड़े दोनों मुद्दों पर कार्रवाई की जाए

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विधानसभा सत्र में बांदा-कानपुर वाया ललौली सड़क मार्ग का मुद्दा गूंजा।

विधानसभा सत्र में बांदा-कानपुर वाया ललौली सड़क मार्ग का मुद्दा गूंजा। सदर सीट से विधायक प्रकाश द्विवेदी ने ललौली मार्ग को दुरुस्त कराने की मांग की।

बांदा, अमृत विचार। विधानसभा सत्र के दौरान सदर सीट से विधायक प्रकाश द्विवेदी ने एक बार फिर से नियम 51 और 301 के तहत जनहित के कई मुद्दे उठाये। उन्होंने बांदा से कानपुर वाया चिल्ला, ललौली मार्ग को दुरुस्त कराने की मांग और गंछा गांव में श्रीरामजानकी पंप कैनाल की आवाज बुलंद की। कहा कि लोक महत्व से जुड़े दोनों मुद्दों पर कार्रवाई की जाए और उनकी मांगों को अविलंब पूरा कराया जाए, ताकि क्षेत्र की जनता को इसका लाभ मिल सके। 
 
जनहित के लिए हमेशा सक्रिय रहने वाले सदर विधायक प्रकाश द्विवेदी ने लोक महत्व के मुद्दों को विधानसभा में कार्रवाई के दौरान पुरजोर तरीके से बुलंद किया। सदर विधायक ने नियम 51 और 301 के तहत जनता की आवाज उठाई। कहा कि सदर विधानसभा के गंछा गांव में लंबित श्रीरामजानकी पंप कैनाल परियोजना स्थापित करने के लिए आवश्यक प्रशासनिक स्वीकृति अतिशीघ्र कराई जाए, ताकि परियाेजना को पूरा कराकर जनता को इसका लाभ दिलाया जा सके।
 
बताया है कि इस परियोजना के पूरे होने के बाद क्षेत्र के कहला, हटेटीपुरवा, माधौपुर, सोहाना, गंछा, पड़ुई समेत करीब आधा दर्जन से अधिक गांवों के हजारों किसानों को सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध हो सकेगा। इसके अलावा विधायक ने बांदा से चिल्ला, ललौली, जोनिहा, बिंदकी, चौडगरा होते हुए कानपुर जाने वाले रास्ते को गड्ढा मुक्त करते हुए फोरलेन सड़क बनाए जाने की मांग उठाई है। सदर विधायक ने बताया है कि यह मार्ग जनपद की व्यापारिक व सामाजिक गतिविधियों के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है।
 
यह मार्ग कानपुर पहुंचने के लिए सबसे कम दूरी का रास्ता है। लंबे समय से यह मार्ग पूरी तरह से गड़्ढों मंे तब्दील हो गया है। जिससे महज दो घंटे के रास्ते को तय करने के लिए करीब छह घंटे का समय लगता है। जबकि इस मार्ग का जिले के गंभीर मरीज व व्यापारी वर्ग के लोग सर्वाधिक प्रयोग करते हैं। सदर विधायक ने विधानसभा अध्यक्ष के समक्ष लोक महत्व के दोनों मामलों को प्रस्तुत करते हुए गंभीरता से विचार करने की मांग की है।
 

मुंसिफ न्यायालय का मुद्दा उठाने पर विधायक का जताया आभार

 
शनिवार को एडवोकेट वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक में क्षेत्रीय विधायक ओममणि वर्मा द्वारा विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान मुंसिफ न्यायालय का मुद्दा उठाए जाने पर आभार जताया गया। बताया की नरैनी तहसील के गठन वर्ष 1915 में हुआ था, जिसको अब तक मुंसिफ न्यायालय का दर्जा नहीं मिल पाया। मुंसिफ न्यायालय की मांग लगातार शाशन स्तर पर लंबित हैं। न्याय के लिए लोगों को जिला मुख्यालय जाना पड़ता है। जिससे वादकारियों का समय व धन दोनों खराब होता हैं। इस दौरान अधिवक्ता संघ अध्यक्ष श्रीराम शर्मा, मृगेन्द्र चतुर्वेदी, कमलाकांत द्विवेदी, विद्यासागर पांडेय, राजकुमार तिवारी, कल्लूराम राजपूत, बद्री प्रसाद वर्मा, हजारी कुशवाहा, कपिल तिवारी सहित तहसील के तमाम अधिवक्ता मौजूद रहे। 

 

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