Amrit Vichar Impact : अतीक अहमद के लापता सरकारी गनर करीम बाबा की तलाश तेज
अतीक के 227 गैंग का सदस्य है करीम बाबा
मिथिलेश त्रिपाठी /प्रयागराज, अमृत विचार। माफिया अहमद के सरकारी गनर की याद आखिर प्रयागराज पुलिस आ ही गयी। राजू पाल हत्याकांड के बाद से लापता चल रहे सरकारी गनर एहतेशाम उर्फ करीम बाबा को पुलिस भूल गई थी। अमृत विचार समाचार पत्र में 24 मार्च को लापता सुरक्षाकर्मी की खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। जिसके बाद हरकत में आई प्रयागराज पुलिस ने अब माफिया अतीक के लापता सुरक्षाकर्मी की तलाश तेज कर दी है। शनिवार देर रात कौशांबी के कई इलाकों में फरार करीम बाबा की तलाश के लिए पुलिस और एसटीएफ ने दबिश दी है। हालांकि अभी उसका कोई सुराग नहीं मिल सका है।
बता दें कि 2004 में फूलपुर लोकसभा सीट से पूर्व सांसद माफिया अतीक अहमद के चुनाव जीतने के बाद उनको एक सरकारी सुरक्षाकर्मी मिला था। जिसका नाम था एहतेशाम उर्फ करीम बाबा। वह अतीक का सबसे वफादार गनर था। राजूपाल हत्याकांड के बाद जब अतीक अहमद को जेल जाने के बाद वह गनर भी लापता हो गया। 18 साल बाद बीतने के बाद भी यूपी पुलिस आज तक उसका पता नही लगा सकी है। उमेशपाल की हत्या के बाद 24 मार्च के अंक में माफिया अतीक अहमद के लापता सरकारी गनर की खबर को अमृत विचार ने प्रमुखता से प्रकाशित किया था। जिसके बाद हरकत में आई प्रयागराज पुलिस और एसटीएफ अब करीम बाबा की तलाश में जुट गई है।
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एहतेशाम उर्फ़ करीम बाबा सराय अकिल कोतवाली के पुरखास गांव का रहने वाला है। करीम बाबा तीन भाई हैं। एक मुंबई में नौकरी करता है। दूसरे की फकीराबाद में चश्मे की दुकान है। करीम बाबा पुलिस में था। साल 2004 में करीम बाबा फूलपुर से सांसद चुने गए माफिया अतीक की सुरक्षा में लगाया गया था। राजू पाल हत्याकांड में जब अतीक अहमद जेल गया तो करीम बाबा ने पुलिस की नौकरी छोड़ दी। पूर्व तैनाती स्थल पर अपनी आमद भी नहीं कराई। पुलिस विभाग ने भी करीम बाबा की खोजबीन का प्रयास नहीं किया। करीम बाबा की मुलाकात वहीं आईएस-227 के गैंग इंटर स्टेट-227 के सदस्यों से हुई। करीम बाबा ने यहीं से जरायम की दुनिया मे शामिल हो गया । शूटर अब्दुल कवि से नजदीकी बढ़ाई औऱ इंटर स्टेट 227 गैंग में शामिल हो गया।
अतीक अहमद के एक और नौकर को एसटीएफ ने तमंचे के साथ दबोचा
प्रयागराज। राजू पाल हत्याकांड के मुख्य कवर उमेश पाल की हत्या के मामले में फरार चल रहे आरोपियों की ताबड़तोड़ दबिश में कौशांबी पुलिस और एसटीएफ ने अतीक अहमद के एक और नौकर को तमंचे के साथ गिरफ्तार किया एसटी एक्ट के मुताबिक पकड़ा गया अभियुक्त शारूप उर्फ शाहरुख है। कौशांबी जनपद का रहने वाला है ।
अधिवक्ता उमेशपाल की हत्या के बाद से प्रयागराज समेत अन्य जिलों की पुलिस और एसटीएफ फरार आरोपियों की तलाश कर रही है। घटना में शामिल असद, गुड्डू मुस्लिम सहित अन्य आरोपी अभी तक फरार हैं। शनिवार रात कौशांबी पुलिस ने माफिया अतीक अहमद के एक ड्राइवर को गिरफ्तार किया है। जिसके पास से तमंचा भी बरामद किया गया। पुलिस के मुताबिक शारुप उर्फ शाहरुख असद के कहने पर अरमान के भाई को शाइस्ता से 50 हजार रुपए लेकर दिया था। शनिवार को शाहरुख माफिया अतीक के ससुर से मिलने कौशाम्बी गया था।
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