मुरादाबाद में अफसरों से धक्का-मुक्की, जेसीबी पर चढ़े लोग, पुलिस ने फटकारी लाठियां

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 मुरादाबाद,अमृत विचार। करूला में अतिक्रमण हटाने पहुंची नगर निगम की टीम से स्थानीय लोगों ने धक्का-मुक्की शुरू कर दी। मामला इतना बढ़ गया कि पुलिस को लाठियां फटकारनी पड़ीं।  कोरोना काल में लंबे ब्रेक के बाद नगर निगम ने कब्जे हटवाने शुरू किए हैं। अतिक्रमण हटवाने में निगम के अधिकारियों को लोगों के गुस्से का …

 मुरादाबाद,अमृत विचार। करूला में अतिक्रमण हटाने पहुंची नगर निगम की टीम से स्थानीय लोगों ने धक्का-मुक्की शुरू कर दी। मामला इतना बढ़ गया कि पुलिस को लाठियां फटकारनी पड़ीं।  कोरोना काल में लंबे ब्रेक के बाद नगर निगम ने कब्जे हटवाने शुरू किए हैं। अतिक्रमण हटवाने में निगम के अधिकारियों को लोगों के गुस्से का भी सामना करना पड़ रहा है।

बुधवार को आरआई सतीश कुमार निगम व प्रवर्तन दल की टीम के साथ करूला जाहिद नगर गली नंबर नौ में जेसीबी के साथ पहुंची थी। तालाब पर कब्जा था, जिसे हटवाने के लिए जेसीबी स्टार्ट हुई तो एकाएक गहमा-गहमी शुरू हो गई। जमीन पर अधिकार बताते हुए एक युवक जेसीबी के आगे खड़ा हो गया। युवक की टीम के साथ नोकझोंक हुई। कई युवक जेसीबी पर खड़े होकर विरोध करने लगे। काफी देर बाद भी जब युवक नहीं हटा तो प्रवर्तन दल की टीम ने उसे जेसीबी से जबरन हटाना शुरू कर दिया।

इस दौरान काफी धक्का-मुक्की हुई। मामला तूल पकड़ता देख अधिकारियों ने पुलिस को इसकी सूचना दे दी। पुलिस टीम ने मौके पर आकर लाठियां फटकारीं। कुछ युवकों पर लाठी चली तो मौके से लोगों की भीड़ कम हुई। बाद में उस युवक के परिजन भी मौके पर आ गए और फिर मामला शांत हो सका। हालांकि, बाद में प्रवर्तन दल के प्रभारी एसके शाही भी टीम के साथ आ गए। सुरक्षा अधिकारी मेजर फिदा हुसैन आदि मौजूद थे।

– करूला में तालाब पर हुए कब्जे को हटाने पहुंची थी नगर निगम की टीम
– स्थानीय लोगों ने किया अफसरों का घेराव
– प्रवर्तन दल के साथ तीखी नोकझोंक, आरआई से हुई खींचतान

नक्शा दिखाने में आरआई के छूटने लगे पसीने
कब्जा हटाने पहुंची नगर निगम की टीम पर लोगों का विरोध था कि न ही नोटिस दिया और न ही जमीन बता रहे कि कहां तक निगम की है। ऐसे में यह कैसे पता चलेगा कि उनकी जमीन कितनी है। गुस्साए लोगों ने आरआई से नक्शा मांगा तो उसने पसीने छूट गए। लेखपाल और पटवारी की मदद से जमीन का नक्शा दिखाया गया, लेकिन उसके बाद भी गहमा-गहमी बंद नहीं हुई।

युवक बोला मैं वकील हूं, सब जानता हूं कानून
जेसीबी ने जैसे ही मिट्टी हटानी शुरू की विरोध करने वाला युवक उसके सामने आकर खड़ा हो गया। बोला, मैं वकील हूं, सारे कानून जानता हूं। जमीन मेरी है और चले जाओ यहां से।

राजस्व विभाग ने निर्माण को लिखा पत्र
राजस्व विभाग के निरीक्षक सतीश कुमार ने बताया कि तालाब पर कोई कब्जा न कर सके, इसको लेकर अब ठोस कार्य किए जाएंगे। चारों ओर बाउंड्री खड़ी कर उसमें तारबंदी की जाएगी। इसे लेकर निर्माण विभाग को पत्र लिख दिया गया है। फिलहाल नाली खोदी गई है, जिससे लोग इसपर अतिक्रमण न करें।

आखिर क्यों होते हैं कब्जे?
नगर निगम की मैनाठेर वाली भूमि हो या फिर यह करूला का तालाब। कब्जा होने की मुख्य वजह यह रही कि, निगम इस जमीन की सुरक्षा को लेकर न ही बाउंड्री खड़ी करता है और न ही उसपर नजर रखता है। भू माफिया निगम की इस बेपरवाही का फायदा उठाते हैं। कब्जे का लंबा वक्त गुजरने के बाद जब निगम को याद आती है तो वह कार्रवाई करने निकल पड़ती है और फिर नौबत विवाद तक पहुंच जाता है। करूला के इस तालाब पर भी यही कारण सामने आया।

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