पॉवर कार्पोरेशन को आयोग ने दिया 10 दिन समय
लखनऊ, अमृत विचार। विद्युत नियामक आयोग ने पॉवर कार्पोरेशन के उपभोक्ताओं से राय लेने के बाद बिजली दरों में कमी किए जाने के प्रस्ताव पर 10 दिनों के अंदर जवाब मांगा है। आयोग के इस आदेश से पॉवर कार्पोरेशन के अधिकारी उलझन में पड़ गए हैं। बता दें कि उपभोक्ता परिषद ने आयोग में जनता …
लखनऊ, अमृत विचार। विद्युत नियामक आयोग ने पॉवर कार्पोरेशन के उपभोक्ताओं से राय लेने के बाद बिजली दरों में कमी किए जाने के प्रस्ताव पर 10 दिनों के अंदर जवाब मांगा है। आयोग के इस आदेश से पॉवर कार्पोरेशन के अधिकारी उलझन में पड़ गए हैं। बता दें कि उपभोक्ता परिषद ने आयोग में जनता से राय लेने के बाद दरों में कमी किए जाने का प्रस्ताव दाखिल किया था।
वहीं दूसरी ओर बिजली कंपनिया कोई अवरोध न पैदा कर सके परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा से शक्ति भवन में मुलाकात की। इस दौरान ने मंत्री से उपभोक्ताओं को राहत दिलाने के लिए सरकार से मांग उठाई कि विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 108 के तहत विद्युत नियामक आयोग को जनता को राहत देने के लिउ लागू कराने के लिए आदेशित करे।
उपभोक्ता परिषद् का जनता प्रस्ताव बिजली कंपनियों पर उपभोक्ताओं का ट्रूअप व उदय में निकले 13337 करोड़ के आधार पर बिजली कंपनियों 4500 करोड़ गैप को घटाने के बाद विधिक रूप से तैयार किया गया है। परिषद ने जनता प्रस्ताव में सभी विद्युत उपभोक्ताओं को 4 प्रतिशत रेग्यूलेटरी लाभ देने घरेलू शहरी व ग्रामीण उपभोक्ताओं के फिक्सड चार्ज को समाप्त करने के साथ ही कई और चीजें हैं जो उपभोक्ता हित में हैं।
ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने उपभोक्ता परिषद् अध्यक्ष को को आश्वस्त किया कि सरकार आम उपभोक्ताओं के साथ है परिषद के जनता प्रस्ताव पर सरकार विचार करेगी।
