पीलीभीत: हमले में घायल छात्र का आरोप...न ठीक से मेडिकल हुआ, लिखाई मनमाफिक तहरीर, जानिए क्या है मामला

Amrit Vichar Network
Published By Amrit Vichar
On

पीलीभीत, अमृत विचार। परिचितों से कुछ देर बातचीत करने के बाद दुकान से घर जाने को निकले छात्र पर अचानक असलहों से लैस होकर आए बाइकर्स ने हमला बोल दिया। दिनदहाड़े पॉश कॉलोनी में डंडे, पंच,  तमंचे की बट से पिटाई की।  

जिसमें उसे गंभीर चोट आई है। सुनगढ़ी पुलिस ने भले ही एनसीआर के बाद एफआईआर तरमीम कर ली हो, लेकिन पीड़ित की मानें तो न तो उसका ठीक से मेडिकल परीक्षण हो सका है। पुलिस ने भी मनमाफिक तहरीर लिखा कर मामला दबा दिया। तीन दिन बाद भी एक आरोपी तक गिरफ्तार नहीं किया जा सका है। जबकि सीसीटीवी में घटना कैद मिली है।

मोहल्ला बाग गुलशेर खां नौगवां चौराहा के नजदीक के रहने वाले हर्षित गंगवार  ने बताया कि वह बीएड के छात्र हैं। तेरह जून को दोपहर करीब दो बजे वह वल्लभ नगर कॉलोनी में पार्क के पास स्थित एक दुकान पर खड़े थे। वहां पर उनके कुछ पुराने परिचित मिल गए।  उनसे बातचीत करने के बाद वह घर के लिए निकले।  परिचित युवक पहले ही जा चुके थे।  

ऐसे में वह कुछ समझ पाते इससे पहले ही आठ-दस बाइकों पर सवार होकर आए युवकों ने हमला बोल दिया। जबकि उनसे पीड़ित का कोई विवाद भी नहीं था। सरे राह डंडे, तमंचे की बट आदि से वार किए।  जिसमें काफी चोट आई।  

घटना कुछ दूरी पर लगे कैमरे में कैद भी हुई है। मारपीट करने के बाद आरोपी भाग गए।   पुलिस ने पहले मनमाफिक तहरीर लिखा कर एनसीआर दर्ज की और अब एफआईआर तरमीम की है। मगर उसमें धाराएं हल्की लगाने का आरोप लगाया है।

घायल ने यह भी आरोप लगाए कि जिला अस्पताल में उसकी चोटों का मेडिकल परीक्षण भी सही ढंग से नहीं किया गया है। इसके लिए वह डीएम से पैनल से मेडिकल परीक्षण कराने की मांग करेंगे।  उधर,  इंस्पेक्टर जगत सिंह ने बताया कि मामले में गुफरान,  पवनप्रीत, हरप्रीत के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। विवेचना कराई जा रही है।

यह भी पढ़ें- पीलीभीत: भाजपा की डबल इंजन सरकार तराई में लाई औद्योगिक क्रांति..राज्यमंत्री ने खूब गिनाईं उपलब्धियां

संबंधित समाचार