Banda: मर्का के दो सैकड़ा किसानों ने दी जहर खाकर सामूहिक आत्महत्या की चेतावनी, सीएम के जनता दरबार में की फरियाद

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बांदा के मर्का के दो सैकड़ा किसानों ने दी जहर खाकर सामूहिक आत्महत्या की चेतावनी।

बांदा के मर्का के दो सैकड़ा किसानों ने जहर खाकर सामूहिक आत्महत्या की चेतावनी दी। गांव के ही भू-माफियाओं ने किसानों की भूमि पर कब्जा कर लिया।

बांदा, अमृत विचार। भू-माफियाओं ने तकरीबन दो सैकड़ा किसानों की जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर रखा है। किसानों के हालात बेहद दयनीय हो गये हैं। पीड़ित किसानों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि एक सप्ताह में भू-माफियाओं पर कार्यवाही करते हुए उनकी भूमि वापस न दिलाई गई तो वे एसडीएम का घेराव करेंगे।

फिर भी न्याय न मिला तो वे एसडीएम कार्यालय के सामने जहर खाकर सभी किसान सामूहिक आत्महत्या कर लेंगे। मंगलवार को जनता दल यूनाइटेड महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष ने उनके गांव पहुंचकर इन किसानों का दर्द बांट और उनकी इस लड़ाई में कंधे से कंधा मिलाकर साथ देने की बात कही। 

बबेरू तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत मर्का के तकरीबन दो सैकड़ा किसानों की जमीनें भू-माफियाओं ने हथिया ली हैं। वर्तमान में किसानों की इन जमीनों पर इन्हीं दबंगों का कब्जा है। जमीन एक किसान के लिये मां की तरह होती है, क्योंकि इससे पैदावार लेकर ही वह अपना और अपने परिवार का जीवनयापन कर पाता है। अब जमीनें हाथ से निकल जाने के कारण किसानी का जरिया खत्म हो जाने से इन सभी किसानों की हालत दिन-ब-दिन बदतर होती जा रही है।

मंगलवार को जनता दल यूनाइटेड महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष शालिनी पटेल को जैसे ही यह बात पता चली कि यह किसान आत्महत्या की ओर प्रेरित हो सकते हैं, वह उनसे मिलकर उनका दर्द बांटने उनके गांव मर्का पहुंच गईं। पीड़ित किसान राजेश तिवारी, छबिनाथ निषाद, दिनेश पाल, नरसिंह, देवकुमार, बाबूलाल, राममिलन, रामेश्वर समेत सभी किसानों ने अपनी जमीनों के कागजात दिखाते हुए जमीन हाथ से निकल जाने और भू-माफियाओं के अत्याचार की कहानी बयां की।

बताया कि माफियाओं ने न सिर्फ उनकी जमीनों पर कब्जा कर रखा है, बल्कि आवाज उठाने पर जान से मारने की धमकी भी दी है। किसानों यह भी बताया कि गांव के राममिलन पाल, बचोली पाल, वीरेंद्र पाल पुत्रगण बुद्धिलाल पाल ने गरीब असहायों की भूमि पर कब्जा करने का पेशा बना लिया है। पीड़ित किसान अपनी इस समस्या को लेकर बीते दिनों प्रदेश के मुख्यमंत्री के जनता दरबार में भी गये थे।

जिले के आलाधिकारियों से भी इस संबंध में लिखित शिकायत की इसके बाद भी उन्हें अभी तक इंसाफ नहीं मिल सका। किसान परिवारों ने रोते हुए कहा कि अब भी समय है भू-माफियाओं से उनकी जमीनें वापस कराई जायें, अन्यथा पीड़ित किसानों के सामने खुदकुशी के सिवा दूसरा रास्ता नहीं बचेगा। उधर शालिनी पटेल ने किसानों के आंसू पोंछते हुए कहा कि वे उनकी बात को शासन और प्रशासन तक पहुंचाकर जमीनें वापस कराने का भरसक प्रयास करेंगी।

किसानों का कहना है कि यदि एक हफ्ते के अंदर भू-माफियाओं पर कार्यवाही करते हुए उनकी जमीनें वापस नहीं कराई जातीं तो पीड़ित किसान बबेरू एसडीएम का घेराव करेंगे। यदि फिर भी न्याय न मिला एसडीएम कार्यालय के सामने जहर खाकर अपनी जान दे देंगे। महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष के साथ प्रदेश अध्यक्ष श्रमिक प्रकोष्ठ जनता दल यूनाइटेड रवींद्र कुमार भी मौजूद रहे।

 

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