Farrukhabad: CHC में प्रसव के लिए आने वाली महिलाओं से हो रही धन उगाही, चिकित्सा अधिकारी बोले- दोषियों पर होगी कार्रवाई

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Edited By Amrit Vichar
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फर्रुखाबाद के सीएचसी राजेपुर में प्रसूताओं से धन उगाही हो रही।

फर्रुखाबाद के सीएचसी राजेपुर में प्रसूताओं से धन उगाही हो रही। यहां डॉक्टर प्रसूताओं के तीमारदारों से पैसे लेकर प्रसव करा रहे है।

फर्रुखाबाद, अमृत विचार। राजेपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में प्रसव के लिए आने वाली महिलाओं से धन उगाही का मामला प्रकाश में आया है। जो प्रसूता सुविधा शुल्क देने में आनाकानी करती है उसे या तो लोहिया अस्पताल के लिए रेफर कर दिया जाता है या फिर उसका इलाज ही नहीं किया जाता। सफाई कर्मी से लेकर डॉक्टर तक इस अवैध कमाई में शामिल हैं।

स्वास्थ्य केन्द्र में भर्ती प्रसूताओं और उनके परिजनों ने खुलकर वसूली के आरोप लगाए। स्वास्थ्य केन्द्र में भर्ती प्रसूता सरोजनी पत्नी रामवीर निवासी मोहद्दीपुर व ममता पत्नी दिनेश निवासी कुतलूपुर कुवेरपुर विकास खण्ड राजेपुर ने बताया कि प्रसव पीड़ा होने पर परिजन स्वास्थ्य केन्द्र लेकर आये। ड्यूटी पर  तैनात डॉक्टर ने पन्द्रह सौ रुपये जमा करने के लिये कहा। परिजनों ने असमर्थता जताई। सरकारी अस्पताल होने का हवाला दिया, तो डॉक्टर ने कहा कि वह रेफर फर किये देते है। जिला अस्पताल लोहिया लेकर जाओ।

प्रसूताओं ने बताया कि वह लोग प्रसव पीड़ा से बेहद परेशान थी। इस बजह उनके परिजनों ने मजबूरन पन्द्रह सौ रुपये देकर डिलीवरी कराने की गुहार लगायी। जब डिलीवरी हो गयी तब सफाई कर्मी ने तीन तीन सौ रुपये वसूले। परिजन रामवीर ने कहा कि न तो प्रसूताओं के लिए भोजन की व्यवस्था की गयी और न ही वेड पर विछाने को चादर ही मिली। रूम  में लगाया गया कूलर सिर्फ सो पीस है। जब गर्मी से परेशान प्रसूताओं ने कूलर चालू करने को कहा तो ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों ने बताया कि कूलर खराब है। जब तक विजली रहती तभी तक पंखा चलता।

विजली चले जाने पर गर्मी से परेशानी होती है। रामवीर ने कहा सरकार भ्रस्टाचार मुक्त शासन देने के दावे कर  रही है।लेकिन इस अस्पताल में प्रसूताओं को सरकार की तरफ से मिलने वाली 14  सौ रुपये की चेक मिलना तो दूर उनसे उलटे बसूली की जाती है। प्रसूता नेहा सिंह पत्नी हर्षित सिंह निवासी राजेपुर राठौरी ने बताया कि सुबह 5 बजे प्रसव पीड़ा होने पर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पर मेरे पति हर्षित सिंह लेकर आए थे।

मगर 10 बजे तक मुझे डॉक्टर ने नहीं देखा। 9 बजे सफाई कर्मी आयी उसने मुझे देखा और  यह कहकर चली गई कि शाम पाँच बजे तक इंतजार करो। अभी आपकी डिलिवरी नहीं हो सकती। नेहा ने बताया में प्रसव पीड़ा से बहुत परेशान हूँ। लेकिन सुविधा शुल्क वसूलने के लिए परेशान किया जा रहा है। प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ आर एफ सिद्दीकी ने बताया कि मामला मेरे संज्ञान में नहीं है। मैं अभी बाहर हूँ। लौटकर जानकारी करूँगा। यदि शिकायत सही पाई जाती है तो दोषियों के ऊपर कार्यवाही की जाएगी।

 

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