कानपुरवासियों के लिए अच्छी खबर, अब कार्डियोलॉजी में दिखाने के लिए नहीं लगानी पड़ेगी लाइन, घर से भी लगा सकते नंबर
कानपुर के कार्डियोलॉजी में दिखाने को घर से भी लगाएं नंबर।
कानपुर के कार्डियोलॉजी में दिखाने को घर से भी लगाएं नंबर। ऑनलाइन पंजीयन और मौके पर पर्चा बनवाने वालों के लिए अलग डॉक्टर बैठेंगे।हर दिन औसतन 500 ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन होने के बाद काउंटर बंद हो जाएगा।
कानपुर, अमृत विचार। कार्डियोलॉजी इंस्टीट्यूट (हृदय रोग संस्थान) में डॉक्टरों को दिखाने के लिए अब घर से भी नंबर लगाया जा सकेगा। मरीज और तीमारदार ऑनलाइन पंजीयन करा सकेंगे। उन्हें एक नंबर मिलेगा, जिसे काउंटर पर दिखाकर आसानी से पर्चा बन जाएगा। उनके लिए अलग से टीम बैठेगी।
यह व्यवस्था ओपीडी में बढ़ती भीड़ और गंभीर मरीजों को लंबा इंतजार न करना पड़े, इसके लिए की जा रही है। सामान्य पंजीयन पूर्व की तरह ही अस्पताल से होगा, ऑनलाइन और मौके पर पर्चा बनवाने वाले मरीजों के लिए अलग अलग डॉक्टर बैठेंगे। हर दिन औसतन 500 ऑनलाइन पंजीयन के बाद यह सुविधा बंद हो जाएगी।
उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और बिहार के कई जिलों के हृदय संबंधित रोगी कार्डियोलॉजी इंस्टीट्यूट आते हैं। यहां उनकी सर्जरी और दवाएं चलती हैं। पिछले काफी समय से यहां पर मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती ही जा रही है। नए ओपीडी बिल्डिंग बनने के बाद भी पंजीयन कराने से लेकर ईसीजी, इको, सीटी एंजियोग्राफी, टीएमटी आदि में लंबी लाइन लगती है।
इस समस्या को देखते हुए संस्थान प्रशासन घर से पंजीयन की व्यवस्था शुरू करने जा रहा है। निदेशक प्रो. राकेश वर्मा के मुताबिक मरीज ऑनलाइन पंजीयन करा सकेंगे, जिस पर उन्हें ओटीपी नंबर मिलेगा। इस ओटीपी को पंजीयन काउंटर पर दिखाकर पर्चा बन जाएगा।
यह सुविधा कुल ओपीडी की 50 फीसद रहेगी। संस्थान में रोजाना 900 से 1100 मरीज आते हैं। 500 पंजीयन के बाद यह काउंटर बंद हो जाएगा। संस्थान आकर पर्चा बनवाने वालों के लिए अलग काउंटर रहेगा। दोनों ही तरह के पंजीयन के लिए अलग अलग डॉक्टर रहेंगे।
20 अगस्त तक शुरू होगी व्यवस्था
प्रो. वर्मा ने बताया कि घर से पंजीयन कराने की व्यवस्था 20 अगस्त तक शुरू हो जाएगी। स्टाफ चिह्नित कर लिए गए हैं। 15 अगस्त के बाद संस्थान की वेबसाइट पर ट्रायल शुरू हो जाएगा। पहले फोन से बुकिंग की तैयारी थी, लेकिन इसमें फर्जी कॉल आने की संभावना है। इसको देखते हुए फोन से बुकिंग कराने की व्यवस्था नहीं की गई।
24 घंटे बुक करा सकेंगे नंबर
ऑनलाइन पंजीयन की व्यवस्था 24 घंटे रहेगी। पहले चरण में आगे की तारीख में पंजीयन का कोई प्रावधान नहीं रखा गया है। आगे चलकर एडवांस रजिस्ट्रेशन भी हो सकेगा। मरीज को अपनी समस्या का संक्षिप्त विवरण संस्थान की वेबसाइट पर देना होगा। यहां उन्हें विशेष डॉक्टर की ओपीडी में दिखाने की सुविधा मिल जाएगी।
