बरेली: छुट्टा पशुओं को खड़ा कर पशुधन मंत्री को रोकने पर 90 ग्रामीणों के खिलाफ रिपोर्ट
बरेली/सिरौली, अमृत विचार। खेतों से घुसे सैकड़ों छुट्टा पशुओं को सड़क पर लाकर पशुधन मंत्री धर्मपाल सिंह और अपर मुख्य सचिव डॉ. रजनीश दुबे को 40 मिनट तक रास्ते में रोके रहने पर गांव पिपरिया उपराला के 90 ग्रामीणों के खिलाफ थाना सिरौली में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। मंत्री का रास्ता रोकने वाले सभी ग्रामीणों को फिलहाल अज्ञात बताया गया है। रिपोर्ट दर्ज कराए जाने के बाद ग्रामीणों का गुस्सा और बढ़ गया है।
ग्रामीणों के खिलाफ रिपोर्ट सिरौली पशु चिकित्सालय के पशु चिकित्साधिकारी डॉ. संजय कुमार वर्मा की ओर से शनिवार रात दर्ज की गई है। इसमें आरोप है कि 17 अगस्त को गांव गुरगांवा में पशुओं के पॉली क्लिनिक के लिए भूमि पूजन और शिलान्यास करने जा रहे मंत्री और अपर मुख्य सचिव का रास्ता छुट्टा पशुओं को सड़क पर खड़ा करके रोक लिया गया। इसकी वजह से मंत्री समय से कार्यक्रम में नहीं पहुंच पाए। पुलिस ने जबरन रास्ता रोकने के आरोप में आईपीसी की धारा 341 के तहत यह केस दर्ज किया है।
बता दें कि पशुधन मंत्री धर्मपाल सिंह के कार्यक्रम के मद्देनजर अफसरों ने भमोरा से गुरगांवा तक सफाई कर्मियों और चौकीदारों को तैनात किया था ताकि कोई छुट्टा पशु उनके रास्ते में न आए। सफाईकर्मियों ने तमाम पशुओं को सड़कों से खेतों में खदेड़ने के साथ कुछ जगह जबरन खाली पड़े घरों में बंद कर दिया था। इसी के बाद ग्रामीणों ने भड़ककर खेतों और घरों से सभी पशुओं को इकट्ठा कर सड़क पर खड़ा कर दिया। इसके बाद पशुधन मंत्री को 40 मिनट तक रास्ते में रोके रखा था।
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