बरेली : युद्धाभ्यास के लिए आधा दर्जन गांवों की भूमि वर्जित क्षेत्र घोषित करने का विरोध शुरू
प्रधान और किसानों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर डीएम के समक्ष आपत्ति जताई
बरेली, अमृत विचार। सेना के युद्धाभ्यास करने के लिए गोलीबारी और तोप चलाने के लिए डीएम की ओर से आधा दर्जन से अधिक गांवों की भूमि को पांच साल के लिए आरक्षित कर उसे वर्जित क्षेत्र घोषित करने का प्रधानों और ग्रामीणों ने विरोध शुरू कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि 80 साल पहले रामगंगा के खादर में भी चांदमारी (योद्धाभ्यास) हुआ था। तब सैकड़ों लोग प्रभावित हुए थे।
बभिया की प्रधान, चौबारी के प्रधान पप्पू सिंह के साथ पूर्व प्रधान जयवीर सिंह, रनवीर सिंह, तरुण कुमार और चौबारी के तमाम ग्रामीणों ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट में डीएम शिवाकान्त द्विवेदी से मिलकर योद्धाभ्यास के लिए आरक्षित भूमि पर अपनी आपत्ति दर्ज कराई। ग्रामीणों ने उनके समक्ष सात बिंदुओं को प्रमुखता से उठाया। ग्रामीणों ने सभी बिंदुओं का एसडीएम सदर और आंवला एसडीएम से तत्काल परीक्षण कराने की मांग की। इसके साथ शासन और सेना के अधिकारियों को भौतिक स्थिति से अवगत कराकर घोषित वर्जित क्षेत्र पर योद्धाभ्यास के लिए तोप दागने व गोलाबारी करने पर रोक लगाने की मांग उठाई। चेतावनी दी कि समय रहते कार्यवाही नहीं की गई तो किसान न्यायालय की शरण में जाने को बाध्य होंगे। वहीं, मामले में डीएम ने अपर एडीएम प्रशासन दिनेश से नियमानुसार कार्यवाही कर आख्या देने के निर्देश दिए हैं।
ग्रामीणों ने इन प्रमुख बिंदुओं को उठाया
वर्जित क्षेत्र में दर्शायी भूमि हमारी पैतृक संपत्ति है और काबिज हैं, भूमि के बड़े किसान इसकी मालगुजारी अदा करते हैं, ग्रामों की भूमि पर अधिकांश लोगों के नलकूप लगे हैं, जिनसे सिंचाई करते हैं, 90 प्रतिशत क्षेत्र के भाग में रबी और खरीफ की फसल होती हैं, अधिकांश किसान अस्थाई झोपड़ी बनाकर वहीं रहते हैं, खेतों की जंगली जानवरों से रखवाली करते हैं। वर्जित क्षेत्र में दर्शाए गए खेतों में अधिकांश लघु, सीमांत किसान हैं, इनके जीवन यापन का एक मात्र साधन खेती है, योद्धाभ्यास होने के बाद लघु, सीमांत किसान बेरोजगार हो जाएंगे, वर्जित क्षेत्र एरिया के निकट बैराज है, उसे भी हानि पहुंच सकती है।
इन गांवों की भूमि योद्धाभ्यास के लिए वर्जित क्षेत्र घोषित
तहसील सदर और आंवला तहसील के ग्राम चौबारी, बभिया, क्यारा, ग्राम कोहनी प्रतापपुर, ग्राम बडरई कुइया, ग्राम चंदौसी, सरदारनगर, ग्राम फतेहपुर सरायूं के क्षेत्र की जमीनें सेना के युद्धाभ्यास करने और गोला तोप चलाने के लिए आरक्षित कर क्षेत्र वर्जित घोषित किया है। कुछ दिन पहले ही डीएम ने वर्जित क्षेत्र भूमि के गाटा संख्या बताते हुए आदेश जारी किया था।
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