Unnao News: ममेरे भाई ने रची थी लूट की साजिश, घटना में प्रयुक्त तमंचा व दो कारें व 10.50 लाख बरामद, ऐसे हुआ खुलासा
उन्नाव में मुनीम के ममेरे भाई ने रची थी लूट की साजिश।
उन्नाव में मुनीम के ममेरे भाई ने रची थी लूट की साजिश। घटना में प्रयुक्त तमंचा व दो कारें व 10.50 लाख बरामद की। साजिशकर्ता समेत तीन लुटेरों को पुलिस ने पकड़ा, एक फरार हो गया।
उन्नाव, अमृत विचार। उन्नाव की हसनगंज कोतवाली अंतर्गत बीती 26 सितंबर की रात लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे पर चलती कार में व्यापारी के मुनीम से हुई लूट का मास्टर माइंड उसका ममेरा भाई निकला। पुलिस व एसओजी टीम ने कार चालक, कार मालिक के भाई व साजिश रचने वाले ममेरे भाई को पकड़ा है। उनके पास से लूटे गए 10.50 लाख नगद, दो कारें व तमंचे बरामद हुए। एक लुटेरा अभी फरार है। जिसकी तलाश चल रही है।
एसपी सिद्धार्थ शंकर मीना ने गुरुवार को घटना का खुलासा करते हुए बताया कि बांगरमऊ कस्बा निवासी शोभित पुत्र राजेश मिश्रा अपने साथी सुधीर के कंप्यूटर का प्रिंटर बनवाने लखनऊ गया था। जहां सुधीर प्रिंटर बनवाने चला गया। शोभित ने अपने मामा के लड़के नवीन बाजपेई निवासी रूरी सादिकपुर को अपने आने की जानकारी दी।
नवीन को पता था कि शोभित तगादे के लिए ही लखनऊ आता है। उसने कानपुर के सचेंडी थानाक्षेत्र के इटरा गांव निवासी कार चालक मित्र बीरू के साथ अपने बुआ के लड़के को लूटने की योजना बना डाली। बीरू कानपुर के बिधनू थानाक्षेत्र के जहानपुर गांव निवासी अखिल की कार लेकर लखनऊ आया और कार मालिक के भाई निखिल व कुलदीप सिंह भी साजिश में शामिल रहे। 14.98 लाख का तगादा वसूलने के बाद शोभित व नवीन ने शराब पी। शाम को नवीन ने अपनी कार से उसे थाना पारा के एक्सप्रेस-वे किमी संख्या शून्य पर उतारा।
वहीं सुधीर भी आ गया। चालक धीरू ने दोनों को सवारी के रूप में बैठाकर कुछ दूर जाने पर निखिल व कुलदीप को सवारी बनाकर बैठा लिया। नवीन वापस लौट गया। टोल प्लाजा पार करते ही दोनों ने तमंचे के बल पर पालीथिन लूटी और शोभित व सुधीर को कार से नीचे फेंक दिया। उसने मालिक के पास पहुंचकर पूरी घटना बताई।
इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सुबह एसपी, एएसपी सहित कई थानों का फोर्स पहुंचा। सीसीटीवी में गाड़ी का नंबर ट्रेस हुआ। इसके बाद पहले निखिल फिर धीरू और इसके बाद नवीन को हसनगंज, दही पुलिस व एसओजी टीमों ने पकड़ा तो उन्होंने लूट की बात कबूल की।
पुलिस ने लूट में प्रयुक्त कारों को सीज करने के साथ 10.50 लाख रुपए बरामद किए। शेष रकम कुलदीप के पास है। जिसकी लोकेशन ट्रेस की जा रही है। फिलहाल उसकी तलाश में टीम चित्रकूट व सतना भी गई है। लूट के खुलासे में एसएचओ राजेश सिंह, एसओ दही अनुराग सिंह के अलावा एसओजी इंस्पेक्टर देवी प्रसाद तिवारी और उनकी टीम शामिल रही।
