अयोध्या: लेखपालों ने फरियादी भाजपा नेता को पीटा

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

अयोध्या, अमृत विचार। उपजिलाधिकारी मिल्कीपुर की कार्यशैली को लेकर जहां एक ओर मिल्कीपुर के अधिवक्ताओं ने आंदोलन की राह पकड़ ली है। अधिवक्ताओं द्वारा आंदोलन की धमकी दिए जाने के बाद तहसील प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद हो गया था और मंगलवार को मिल्कीपुर सर्किल के तीनों थानों इनायत नगर, कुमारगंज और खंडासा की पुलिस …

अयोध्या, अमृत विचार। उपजिलाधिकारी मिल्कीपुर की कार्यशैली को लेकर जहां एक ओर मिल्कीपुर के अधिवक्ताओं ने आंदोलन की राह पकड़ ली है। अधिवक्ताओं द्वारा आंदोलन की धमकी दिए जाने के बाद तहसील प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद हो गया था और मंगलवार को मिल्कीपुर सर्किल के तीनों थानों इनायत नगर, कुमारगंज और खंडासा की पुलिस फोर्स तहसील परिसर में मौजूद रहे समूचा तहसील परिसर छावनी में तब्दील दिखा।

वहीं दूसरी ओर संबंध प्रमाण पत्र में रिपोर्ट लगाने को लेकर लेखपाल और भाजपा नेता में मामूली कहासुनी के बाद मामले ने इतना तूल पकड़ लिया कि लेखपालों ने भाजपा नेता की जमकर पिटाई कर दी।

तहसील सभागार में आयोजित तहसील दिवस में क्षेत्र के फरियादियों की शिकायत सुन रहे एसडीएम मिल्कीपुर ने आनन-फानन में इनायत नगर थाने की पुलिस बुलाकर भाजपा नेता को पुलिस के हवाले कर दिया।

इस पर अधिवक्ताओं का गुस्सा सातवें आसमान जा पहुंचा और उन्होंने एसडीएम मिल्कीपुर के खिलाफ नारेबाजी करते हुए तहसील परिसर में जमकर हंगामा काटा और उन्हें हटाने की मांग करते रहे।

मामले में क्षेत्रीय लेखपाल सहित भाजपा नेता की ओर से इनायत नगर थाने में मुकदमा कायम किए जाने के संबंध में तहरीर दी गई हैं। हालांकि पुलिस ने मुकदमा ना दर्ज करते हुए दोनों प्रार्थना पत्रों की गहन छानबीन शुरू कर दी है।

बीते सोमवार को एसडीएम मिल्कीपुर द्वारा तहसील अधिवक्ता के मुवक्किल को एसडीएम अशोक कुमार शर्मा ने मास्क लगाने का हवाला देते हुए थप्पड़ जड़ दिया था और उसका चालान भी कटवा दिया था इसके बाद अधिवक्ता संघ आंदोलित हो उठा था तथा एसडीएम के खिलाफ तहरीर देकर मुकदमा कायम किए जाने की मांग करते हुए रोड जाम कर दिया था।

अधिवक्ताओं और एसडीम के बीच टकराव का माहौल विगत अक्वारी भर से ही बना हुआ था मंगलवार को तहसील सभागार में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व गोरेलाल शुक्ला की अध्यक्षता में तहसील दिवस चल रहा था।

इसी बीच कुमारगंज थाना क्षेत्र के सिधौना गांव निवासी भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा के मंडल अध्यक्ष विजय चौबे अपने क्षेत्र के लेखपाल दिनेश कुमार पांडे के पास अपने लंबित संबंध प्रमाण पत्र पर रिपोर्ट लगवाने के लिए पहुंच गए लेखपाल और भाजपा नेता में रिपोर्ट लगाने को लेकर तू तू मैं मैं होने लगी।

इसी बीच दोनों में हाथापाई शुरू हो गई। भाजपा नेता विजय चौबे का आरोप है कि दिनेश कुमार पांडे के साथ उनके साथी लेखपालों ने उन्हें जमकर मारा पीटा।

भाजपा नेता का आरोप है कि इनायत नगर थाने के एक उपनिरीक्षक और दो सिपाही उन्हें घसीटते हुए तहसील से अपनी गाड़ी तक ले आए और ले जाकर थाने में पुलिस अभिरक्षा में बैठा लिया था।

दूसरी ओर तहसील आए भाजपा नेता से लेखपाल द्वारा बदसलूकी किए जाने की जानकारी मिलते ही मिल्कीपुर तहसील के अधिवक्ता आक्रोशित हो गए और उन्होंने संगठन के तहसील अध्यक्ष पवन कुमार शुक्ला के नेतृत्व में प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।

अधिवक्ताओं का आरोप है कि तहसील आने वाला कोई भी फरियादी अब सुरक्षित नहीं है। घटना की जानकारी मिलते ही भाजपा नेता चंद्रबली सिंह, अशोक मिश्रा, राम सजीवन मिश्रा, बबलू पासी, अरुण गुप्ता, अजीत मोर्य, विवेक पांडे बब्बू, बिंदेश्वरी दुबे, रमेश प्रताप सिंह, संजय पाठक, सुरेंद्र गिरी एवं अधिवक्ता संघ अध्यक्ष पवन कुमार शुक्ला, खुशी राम पांडे, उदय राज मौर्य एवं छोटेलाल रावत सहित दर्जनों लोग इनायत नगर थाने पहुंच गए और पीड़ित भाजपा नेता विजय चौबे ने मामले में मुकदमे के लिए तहरीर दी।

हालांकि लेखपाल दिनेश कुमार पांडे की तरफ से मुकदमा कायम कराए जाने हेतु उपजिलाधिकारी द्वारा अग्रसारितइनायत नगर थाने के प्रभारी निरीक्षक विजय सेन सिंह को पहले ही मिल चुकी थी।

थाने में मौजूद आक्रोशित भाजपा नेताओं को शांत कराते हुए क्षेत्राधिकारी जय प्रकाश सिंह ने कार्रवाई का भरोसा दिलाया। क्षेत्राधिकारी सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों से मुकदमा लिखे जाने के संबंध में तहरीर प्राप्त हुई है। छानबीन की जा रही है। जांच पूरी होते ही मुकदमा दर्ज कर लिया जाएगा।

संबंधित समाचार