Kanpur News: लेदर टेस्टिंग के लिए दिल्ली, चेन्नई नहीं दौड़ना पड़ेगा, छह साल से बंद पड़ी लैब इसी माह होगी शुरू

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Edited By Amrit Vichar
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कानपुर में लेदर टेस्टिंग के लिए दिल्ली, चेन्नई नहीं दौड़ना पड़ेगा।

कानपुर में लेदर टेस्टिंग के लिए अब दिल्ली, चेन्नई नहीं दौड़ना पड़ेगा। बंथर में छह साल से बंद पड़ी सरकारी लेदर टेस्टिंग लैब इसी माह शुरू होगी।

कानपुर, अमृत विचार। चमड़ा निर्यातकों की लेदर टेस्टिंग के लिए दूसरे राज्यों पर निर्भरता जल्द खत्म होगी। बंथर स्थित सरकारी लेदर टेस्टिंग लैब इसी माह शुरू हो जाएगी। लैब में लग रहीं अत्याधुनिक मशीनें हर तरह के रासायनिक कंटेंट का भी प्रमाण पत्र देने में सक्षम होंगी। अभी लैब सुविधा नहीं होने से अक्सर निर्यातकों को काफी परेशानी उठानी पड़ती थी। 

छह सालों से बंद पड़ी बंथर स्थित लेदर टेस्टिंग लैब दोबारा शुरू करने की तैयारी चल रही है।  माना जा रहा है कि 20 दिन में लैब शुरू हो जाएगी। यह लैब बंद होने से शहर के चमड़ा कारोबारियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता था। निर्यात के लिए जरूरी गुणवत्ता प्रमाण पत्र देरी से मिलने के कारण कई बार ऑर्डर तक निरस्त हो जाते थे।

निर्यातकों को हर निर्यात ऑर्डर पर दिल्ली, चेन्नई और बेंगलुरू से प्रमाण पत्र लेना पड़ता था। इसमें कई बार देरी हो जाती थी। सेंट्रल लेदर रिसर्च इंस्टीट्यूट के प्रभारी वैज्ञानिक अभिनंदन कुमार ने बताया कि चमड़ा कारोबारियों को इसी महीने लेदर टेस्टिंग लैब की सुविधा मिल जाएगी। लैब में अत्याधुनिक मशीनों से निर्यात संबंधित सभी तरह के जांच संभव हो सकेगी। 

यह मिलेंगी सुविधाएं

टेस्टिंग लैब में अत्याधुनिक मशीनें लग रही हैं। यह मशीनें चमड़े की क्षमता, गुणवता और पर्यावरण संबंधी अनुकूलता का परीक्षण कर सकेंगी। इसके अलावा चमड़े में इस्तेमाल होने वाले रसायन की भी बारीक जांच भी कर सकेंगी। वैश्विक चर्म निर्यात बाजार में लगातार चमड़े की जांच के पैरामीटर बदलते रहते हैं। नई मशीनें सभी तरह की जांच में सक्षम होंगी।  

एक हजार कारोबारियों को मिलेगा लाभ

लैब से सबसे ज्यादा लाभ छोटे कारोबारियों को होगा। बड़े करोबारी अपने उत्पादों की गुणवत्ता के लिए दूसरे शहरों में आसानी से रुख कर लेते हैं, लेकिन छोटे कारोबारियों के लिए यह काम महंगा पड़ता था। ऐसे में शहर के करीब एक हजार छोटे चमड़ा कारोबारियों को लैब सुविधा का सबसे अधिक लाभ उन्हें होगा। 

इसलिए होती है गुणवत्ता जांच 

चमड़ा कारोबारियों को आर्डर लेने के लिए चमड़े के नमूने की जांच करानी पड़ती है। निर्यात के लिए जिस प्रमाण पत्र की जरूरत होती है, उसकी रिपोर्ट बताती है कि उत्पाद में लगने वाला चमड़ा कितना मजबूत और सुरक्षित है। इसके अलावा चमड़े में मौजूद रसायन मानव त्वचा को नुकसान पहुंचाने वाले नहीं हैं। 

वैश्विक कारोबार में लगातार घाटा उठा रहे  चर्म निर्यातकों को सरकारी लैब में जांच कराने की सुविधा मिलना उत्साहजनक है। सरकार कठिन समय में चमड़ा निर्यातकों को सुविधा दे रही है।- डॉ. जफर नसीम, निदेशक, सना इंटरनेशनल एक्जिम 

निर्यातकों के लिए सरकारी लैब से मिलने वाला प्रमाण पत्र काफी काम आएगा। बिना प्रमाण पत्र के विदेशी कंपनियां माल नहीं खरीदती है।  बंथर में लैब फिर से शुरू होने से निर्यातकों की काफी मुसीबतें कम हो सकेंगी।- मोहम्मद जुबैर, निदेशक अलीशा इंटरनेशनल

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