Unnao News: सफीपुर पूर्ति कार्यालय के लिपिक को एंटी करप्शन ने टीम ने पकड़ा, रिश्वत लेने का लगा आरोप
उन्नाव के सफीपुर पूर्ति कार्यालय के लिपिक को एंटी करप्शन ने टीम ने पकड़ा।
उन्नाव के सफीपुर पूर्ति कार्यालय के लिपिक को एंटी करप्शन ने टीम ने पकड़ा। टीम ने कोटेदार का नाम बताने से इनकार किया।
उन्नाव, अमृत विचार। उन्नाव अंतर्गत सफीपुर के रसद एवं खाद्य विभाग में तैनात एक लिपिक कोटेदार पर राशन न देने के साथ ही रुपये देने का दबाव बना रहा था। परेशान होकर कोटेदार ने एंटी करप्शन विभाग से शिकायत की। लखनऊ यूनिट की एंटी करप्शन टीम ने आरोपी लिपिक को दफ्तर में रिश्वत लेते रंगे हाथ दबोचा है। टीम के सदस्य आरोपी लिपि को उन्नाव कोतवाली लेकर पहुंचे जहां आरोपी लिपिक के खिलाफ पीड़ित की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर जांच कर रही है।
बता दें सफीपुर नगर पंचायत निवासी आदिलुर रहमान पुत्र अकीलु रहमान कोटेदार है। उन्होंने बताया कि रसद एवं खाद्य विभाग में तैनात लिपिक अनिल माथुर उनसे व कस्बे में रहने वाले आनंद कुमार पुत्र मेवा लाल को राशन देने के नाम पर 3000 हजार रुपये रिश्वत मांग रहा था। आरोप है कि पहले कई बार भी वह राशन देने के नाम पर रिश्वत ले चुका था।
इस बार लिपिक ने फिर से तीन हजार रुपये की मांग की। जिसे देने से मना करने पर उसने राशन देने से मना करने के साथ ही कोटे का लाइसेंस निरस्त करवाने की धमकी दी। जिसके बाद लिपिक से परेशान होकर आदिलुर ने एंटी करप्शन टीम को इसकी सूचना दी। सूचना पर लखनऊ यूनिट के इंस्पेक्टर सुनील कुमार सिंह, राकेश सिंह, नुरूलहरा और उदय राज निषाद की संयुक्त टीम सफीपुर लिपिक के दफ्तर पहुंची।
तीन हजार रुपये कोटेदार के द्वारा देने के दौरान ही एंटी करप्शन की टीम ने लिपिक आनंद माथुर को रंगे हाथ पकड़ लिया। टीम में शामिल कर्मियों ने दफ्तर से पकड़कर आनन फानन उसे हिरासत में लिया। लिपिक की गिरफ्तारी होने के बाद दफ्तर परिसर में हड़कंप मच गया। उधर गिरफ्तारी में लेने के बाद पुलिस टीम सदर कोतवाली पहुंची है।, जहां पीड़ित की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है।
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