झारखंड की चंपई सोरेन सरकार आज विश्वास मत हासिल करने की करेगी कोशिश 

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

रांची। झारखंड में मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के नेतृत्व वाली सरकार दो दिवसीय राज्य विधानसभा सत्र के पहले दिन आज यानी सोमवार को विश्वास मत हासिल करने का प्रयास करेगी।

झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के नेतृत्व वाले सत्तारूढ़ गठबंधन के विधायकों ने विश्वास मत जीतने का भरोसा जताया, जबकि विपक्षी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कहा है कि चंपई सोरेन सरकार विश्वास मत हासिल नहीं कर पाएगी। राज्य के मंत्री आलमगीर आलम ने रविवार को कहा था, ‘‘हमारे विधायक एकजुट हैं... हमारे पास 81 सदस्यीय सदन में 48 से 50 विधायकों का समर्थन है।’’ 

गठबंधन ने पिछले सप्ताह एक वीडियो जारी कर दावा किया था कि उसे 43 विधायकों का समर्थन प्राप्त है। झारखंड विधानसभा में झामुमो-कांग्रेस-राजद गठबंधन के 47 विधायक हैं और इसे सीपीआईएमएल (एल) (भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी-लेनिनवादी- लिबरेशन) के एक विधायक का बाहर से समर्थन प्राप्त है। सत्तारूढ़ गठबंधन के विधायकों ने रविवार शाम हैदराबाद से रांची लौटने के तुरंत बाद विधानसभा में विश्वास मत हासिल करने का भरोसा जताया। भाजपा के मुख्य सचेतक बिरंची नारायण ने कहा कि गठबंधन सरकार सोमवार को विश्वास मत हासिल नहीं कर पाएगी। 

उन्होंने कहा कि हैदराबाद में विधायकों को कड़ी निगरानी में रखा गया था, जिससे पता चलता है कि उन्हें जीत का भरोसा नहीं है। सत्तारूढ़ गठबंधन को आशंका थी कि भाजपा उनके विधायकों की ‘‘खरीद-फरोख्त’’ का प्रयास कर सकती है, ऐसे में दो फरवरी को दो उड़ानों से करीब 38 विधायक कांग्रेस शासित राज्य तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद चले गये थे। 

धन शोधन मामले में प्रवर्तन निदेशालय द्वारा पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पिछले सप्ताह गिरफ्तार किये जाने के बाद झामुमो विधायक दल के नेता चंपई सोरेन ने दो फरवरी को झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। पीएमएलए (धनशोधन रोकथाम अधिनियम) से संबंधित मामलों की सुनवाई वाली एक विशेष अदालत ने हेमंत सोरेन को विश्वास मत प्रक्रिया में भाग लेने की अनुमति दे दी है। अदालत ने दो फरवरी को हेमंत सोरेन को पांच दिन के लिए ईडी की हिरासत में भेज दिया था। 

ये भी पढ़ें- 

संबंधित समाचार