लखीमपुर खीरी: खेत में गन्ने का बीज बनाते समय शावकों के साथ बाघिन ने किया हमला

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वन कर्मी बोले- हाल में ही जन्मे हैं दोनों शावक

लखीमपुर खीरी, अमृत विचार। दक्षिण खीरी वन प्रभाग के अंतर्गत वन रेंज गोला बरौंछा नाला के पास मंगलवार को खेत में गन्ने का बीज बनाते समय मजदूरों पर दो शावकों के साथ बाघिन ने झपट्टा मारा। इससे चीख पुकार मच गई। इस पर बाघिन एक शावक को लेकर भाग गई, जबकि दूसरा गन्ने की पताई में ही छिप गया। सूचना पर वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंच गई है और दूर से शावक की निगरानी कर रही है।

बांकेगंज-कुकरा मार्ग पर मलंगबाबा और कलंजरपुर के गन्ने के खेत में बाघिन ने कुछ दिन पहले दो शावको को जन्म दिया। मंगलवार सुबह करीब नौ बजे को खेत में हरदुआ गांव निवासी मुलहे अपने परिवार वालों और मजदूरों के साथ गन्ने का बीज छील रहे थे। हलचल बढ़ने पर खेत में दो शावकों के साथ बाघिन निकल आई। मजदूर जब तक कुछ समझ पाते बाघिन ने शावकों के साथ झपट्टा मारने की कोशिश की। इससे सभी चीख-पुकार करने लगे। मजदूरों के शोर मचाने पर बाघिन एक शावक को लेकर भाग गई, जबकि दूसरा बाघिन से बिछड़ गया। 

प्रत्यक्षदर्शी मजदूरों के अनुसार, वह दूसरी दिशा में भागकर खेत की मेड़ पर गन्ने की सूखी पताई में छिप गया। सूखी पताई में शावक के छिपे होने की सूचना पर भीड़ लग गई। सूचना पाकर वन रेंज मैलानी की वन चौकी जटपुरा, सलेमपुर के फॉरेस्टर ठाकुर अखिलेश सिंह ने वनकर्मी मुशर्रफ अली, अनीस अहमद, रामसिंह, मेवालाल और वन रेंज गोला के फारेस्टर अंकित कुमार, फॉरेस्ट गार्ड अफजल खान, शैलेंद्र कुमार, वन दरोगा रामनरेश आदि ने निगरानी शुरू कर दी। सुरक्षा की दृष्टि से कुकरा पुलिस चौकी प्रभारी केके यादव भी मौके पर पहुंच गए। 

शावक को छूने से बाघिन अपने शावक का त्याग कर सकती है, इसलिए ग्रामीणों को भी खेत से दूर रहने के लिए कहा गया है। एक शावक के साथ बाघिन पास ही गन्ने के खेतों में मौजूद है। शावक के बिछुड़ जाने से वह लगातार गुर्रा रही है। इससे वह कभी भी हमला कर सकती है। किसी को खतरा न हो इसके लिए पूरी चौकसी बरती जा रही है-संजीव कुमार तिवारी, रेंजर-गोला।

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