Kanpur: सौतेले पिता ने बेटे को दिया पांच रुपये का लालच; फिर भी बेटे ने बता डाला सच...दोषी को मिला आजीवन कारावास

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Edited By Amrit Vichar
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कानपुर, अमृत विचार। बेगमपुरवा में विवाद के दौरान पत्नी की कुल्हाड़ी से काट कर हत्या करने के वाले युवक को एडीजे 23 की कोर्ट ने दोषी करार दिया। कोर्ट ने दोषी युवक को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अगस्त 2020 में युवक ने घटना को अंजाम दिया था। मकान मालिक ने बाबपुरवा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। 

बेगमपुरवा निवासी मो. सलीम अंसारी ने चार अगस्त 2020 को बाबूपुरवा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि उसके मकान में नमरू उर्फ गुड्डू पत्नी नसरा व दो बच्चों के साथ किराए पर रहता था। पति पत्नी के बीच अक्सर मामूली बातों पर विवाद होता रहता था। चार अगस्त को भी दोनों के बीच विवाद हो रहा था, इसी दौरान नमरू ने पत्नी की गर्दन पर कुल्हाड़ी से वार कर दिया, जिससे उसकी मौके पर मौत हो गई थी। 

घटना को अंजाम देने के बाद नमरू मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने आरोपी को नया पुल रेलवे पटरी से टाटमिल जाने के दौरान गिरफ्तार कर जेल भेजा था। मृतका की मां राशिदा ने बताया था कि नसरा के पहले पति रियाज की मौत के बाद उसकी दूसरी शादी नमरू के साथ हुई थी। पहले पति से उसके दो बच्चे थे व घटना से एक वर्ष पूर्व नमरू और नसरा का एक बेटा पैदा हुआ था। मामला एडीजे 23 कीर्ति कुणाल की कोर्ट में विचाराधीन था। एडीजीसी अजय कुमार सिंह ने बताया कि मामले में मकान मालिक, मृतका की मां राशिदा, उसका बेटा अनस समेत नौ गवाह अभियोजन की ओर पेश किए गए थे। कोर्ट ने नमरु को दोषी पाते हुए उम्रकैद  व 20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। 

पापा ने मम्मी को मारा था, रोने पर पांच रुपये देकर भेज दिया

सौतेले बेटे अनस ने कोर्ट को बताया कि घटना के समय वह तख्त पर बैठा था। इसी दौरान मम्मी-पापा झगड़ा करने लगे। पापा ने कुल्हाड़ी उठा कर मम्मी की गर्दन पर मारा था, जिससे उनके बहुत खून बहने लगा तो मेरे पापा ने मम्मी को बचाया नहीं। मैं रोने लगा तो उन्होंने मेरा मुंह दबाया और पांच रुपये देकर खाला के घर जाने को कहा।

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