बरेली: 54 अपात्रों को प्रधानमंत्री आवास देने की जांच अटकी
चुनाव की व्यस्तता की वजह से पूरी नहीं हो सकी जांच
बरेली, अमृत विचार। करीब दस दिन पूर्व शीशगढ़ कस्बे में प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना में हुए फर्जीवाड़े के मामले की जांच अभी तक पूरी नहीं हो सकी है। अफसर मतगणना के बाद जांच प्रक्रिया तेज कर कार्रवाई करने की बात कह रहे हैं।
दरअसल, शीशगढ़ कस्बे में प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना का लाभ देने में गड़बड़ियों की शिकायत के बाद प्रशासनिक अफसर गोपनीय तरीके से जांच कर रहे थे। 21 मई काे कस्बे के मोहल्ला अगवाड़ा में नायब तहसीलदार शिवा वर्मा, कानूनगो मुकेश कुमार जांच करने गए थे। उनकी जांच में 10 लोग ऐसे पाए गए थे, जिनके आलीशान मकान बने थे। जांच का दायरा बढ़ाया गया तो 44 लोग और अपात्र पाए गए। कुल 54 अपात्रों को प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना का लाभ देने की बात सामने आई थी।
शीशगढ़ में कुल 1142 लोगों को आवास का लाभ दिया गया है। इन सभी की जांच के आदेश हैं। पूरे खेल में डूडा के अधिकारियों, कर्मचारियाें के साथ सर्वेयर-सुपरवाइजर से लेकर लेखपालों की भूमिका भी संदेह के घेरे में है। एसडीएम मीरगंज देश दीपक सिंह ने बताया कि जांच टीम चुनाव में व्यस्त है। नायब तहसीलदार का स्वास्थ्य भी बिगड़ गया था। मतगणना होने के बाद छह जून से मामले की जांच तेज होगी। जांच कर रिपोर्ट मुख्यालय भेजी जाएगी।
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