कानपुर के हैलट अस्पताल के डॉक्टर बने भगवान...महिला व युवक को इस तरह से दी नई जिंदगी
कानपुर में महिला व युवक को हैलट में मिली नई जिंदगी
कानपुर, अमृत विचार। हैलट अस्पताल के सर्जरी विभाग में दो मरीजों का जटिल ऑपरेशन कर डॉक्टरों ने उनका जीवन बचा लिया। खाने की नली पेट की आंत से जोड़कर 40 वर्षीय महिला और लिवर से जुड़े पांच किलो का ट्यूमर पेट से निकालकर 24 वर्षीय युवक को नया जीवन दान दिया। दोनों मरीज समस्या के चलते कुछ भी खा पाने में असमर्थ थे।
उन्नाव के फतेहपुर चौरासी निवासी 40 महिला ने करीब दो माह पहले किसी कारण एसिड पी लिया था, जिसकी वजह से महिला का गला और पेट की थैली सिकुड़ गई थी, जिस वजह से महिला को कुछ भी बोलने और खाने व पीने में काफी समस्या होती थी।
परिजनों ने महिला को हैलट के सर्जरी विभाग में गैस्ट्रो सर्जन डॉ.आरके जौहरी को दिखाया। उन्होंने महिला को अपने अंडर में भर्ती कर जांच कराई। इसके बाद उन्होंने बुधवार को टीम के साथ ऑपरेशन किया। इधर, उन्नाव के बिगाहीपुर निवासी 24 वर्षीय युवक का भी जटिल ऑपरेशन किया।
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. संजय काला ने बताया कि एसिड का सेवन करने से महिला के पेट की थैली काफी सिकुड़ गई थी। डॉ.आरके जौहरी ने टीम में शामिल डॉ.रजत गुप्ता, डॉ.शुभम चौबे, डॉ.सुमित सिंह, डॉ.सौम्या सिंह और एनेस्थीसिया विभाग के डॉ.अपूर्व अग्रवाल, डॉ.पारूल, डॉ.उमेश व डॉ.मनीषा के साथ मिलकर महिला का ऑपरेशन किया।
ऑपरेशन के बाद महिला के खाने की नली पेट की आंत से जोड़ी और साथ ही अन्य जटिलताओं को भी टीम ने दूर किया। वही, युवक के पेट से पांच किलो का ट्यूमर निकाला, जो लिवर से एकदम जुड़ा हुआ था। युवक इस समस्या से करीब दो साल से परेशान था। इस कारण उसे पेट में भारीपन, भूख न लगना और कुछ भी खाने पर उल्टी होना आदि समस्या हो रही थी। ऑपरेशन के बाद दोनों मरीज स्वस्थ्य है और दोनों मरीज आयुष्मान कार्ड धारक भी है।
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