बरेली : शाहनूरी मस्जिद को प्लास्टिक शीट से ढकवाकर जोगी नवादा से निकलवाया कांवड़ियों का जत्था
बरेली अमृत विचार। जोगीनवादा पिछले साल हुए उपद्रव की वजह बने कांवड़ियों के जत्थे को प्रशासन ने इस बार भी कांवड़ यात्रा नहीं निकालने दी। ऐन मौके पर उसे दी गई अनुमति निरस्त कर दी गई। उसकी जगह कांवड़ियों का दूसरा जत्था निकलवाया गया लेकिन शाहनूरी मस्जिद को प्लास्टिक शीट से पूरी तरह पैक करने के बाद। इस साल दोबारा विवाद न हो, इसके लिए कांवड़ यात्रा गुजरने से पहले जोगीनवादा के चप्पे-चप्पे पर भारी फोर्स भी तैनात कर दिया गया।
पिछले साल सावन में जोगी नवादा में कांवड़ यात्रा के दौरान भारी बवाल हुआ था। कांवड़ियों के जत्थे की ओर से शाहनूरी मस्जिद के पास रंग-गुलाल उड़ाने और नारेबाजी पर सांप्रदायिक विवाद की शुरुआत हुई थी। अगले सोमवार को और ज्यादा उपद्रव हुआ तो पुलिस को कांवड़ियों को लाठीचार्ज कर खदेड़ना पड़ा था। इस घटना ने इतना तूल पकड़ा कि उसी दिन शाम को तत्कालीन वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रभाकर चौधरी का तबादला कर दिया गया था। इंस्पेक्टर बारादरी अभिषेक सिंह समेत कई पुलिस वालों को भी निलंबित कर दिया गया था।
इस बार फिर बवाल की आशंका देखते हुए पुलिस-प्रशासन पहले से सतर्क था। जोगीनवादा से रविवार को गंगाजल लेने के लिए कछला जाने को दो जत्थों ने अनुमति मांगी थी। इनमें पूर्व पार्षद डॉ. बनवारीलाल शर्मा के जत्थे को तो शर्तों के साथ अनुमति दे दी गई लेकिन जबकि मौर्य गली से निकलने वाले महंत राकेश कश्यप के जत्थे को अवैध बताकर उसका आवेदन मौके पर ही निरस्त कर दिया गया। महंत राकेश कश्यप के जत्थे की कांवड़ यात्रा के दौरान पिछले साल बवाल हुआ था। रविवार दोपहर गोसाई गौंटिया से बनवारी लाल की अगुवाई में करीब तीन हजार कांवड़ियों का जत्था शांतिपूर्ण ढंग से शाहनूरी मस्जिद के सामने से डीजे के साथ निकल गया।
एक कंपनी पीएसी और पुलिस के तीन सौ जवानों के साथ मोर्चे पर डटे रहे सीओ और इंस्पेक्टर
सीओ अनीता चौहान और इंस्पेक्टर बारादरी अमित पांडे रविवार की सुबह से ही एक कंपनी पीएसी और तीन सौ पुलिस कर्मियों के साथ जोगीनवादा में डटे रहे। इस दौरान ड्रोन कैमरों से वीडियो रिकार्डिंग कराई गई। छतों की निगरानी कराकर देखा गया कि कहीं ईंट-पत्थर तो नहीं रखे गए हैं। छतों पर पुलिस फोर्स को भी तैनात किया गया था। पुलिस कर्मियों को अलग-अलग टुकड़़ियों में विभाजित कर पूरे जोगीनवादा में तैनात किया गया था। कांवड़ियों के जत्थे के आगे-पीछे भी भारी पुलिस फोर्स की मौजूदगी रही। इस बीच वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य ने सीओ से लगातार संपर्क बनाए रखा और कांवड़ियों का जत्थे के शाहनूरी मस्जिद को पार करने तक पल-पल की जानकारी लेते रहे।
वर्जन…
परंपरागत रास्ते से शांतिपूर्ण तरीके से कांवड़ियों का जत्था निकलवाया गया। किसी तरह की कोई खुराफात न हो इसके लिए एक कंपनी पीएसी के साथ तीन सौ पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया था। - अनीता चौहान, सीओ
