मुरादाबाद: फरार हिस्ट्रीशीटर का इतिहास खंगालने में जुटी जीआरपी
मुरादाबाद,अमृत विचार। लंबे समय से फरार चल रहे हिस्ट्रीशीटर जीआरपी की रडार पर आ गए हैं। यह ऐसे हिस्ट्रीशीटर हैं जो ट्रेनों में अपराध करने के बाद लंबे समय से फरार चल रहे हैं। जीआरपी ने इन हिस्ट्रीशीटरों का इतिहास खंगालना शुरू कर दिया है। कोरोना संक्रमण के चलते कम ही ट्रेनों का संचालन हो …
मुरादाबाद,अमृत विचार। लंबे समय से फरार चल रहे हिस्ट्रीशीटर जीआरपी की रडार पर आ गए हैं। यह ऐसे हिस्ट्रीशीटर हैं जो ट्रेनों में अपराध करने के बाद लंबे समय से फरार चल रहे हैं। जीआरपी ने इन हिस्ट्रीशीटरों का इतिहास खंगालना शुरू कर दिया है।
कोरोना संक्रमण के चलते कम ही ट्रेनों का संचालन हो रहा है। इसके साथ ही ट्रेनों में कंफर्म टिकट वाले यात्री ही सफर कर पा रहे हैं। जिसके चलते ट्रेनों में फिलहाल अपराध न के बराबर है। लेकिन, उत्तर प्रदेश पुलिस का मानना है कि ट्रेनों के संचालन के बाद अपराध बढ़ जाएगा। ऐसे में जीआरपी अधिकारियों को आदेश दिया है कि ट्रेनों में अपराध करने वाले अपराधियों की निगरानी शुरू कर दें। इसके लिए सिविल पुलिस की मदद लें। जिस अपराधी के बारे में पता नहीं चल रहा है।
इसकी जानकारी करने के लिए सिपाही व सब इंस्पेक्टर को लगाने का आदेश दिया है। जीआरपी ने फरार 19 हिस्ट्रीशीटर तलाश करने के लिए योजना तैयार की है। टीम फरार बदमाशों के घर जाएंगी और उसके बारे में जानकारी करेंगी। गांव वालों से हिस्ट्रीशीटरों के दुश्मन के बारे में जानकारी की जाएगी। बदमाश जिस थाना क्षेत्र में रहने वाला है, उस थाने से रिकार्ड के बारे में जानकारी की जाएगी। जीआरपी इंस्पेक्टर सुधीर कुमार ने बताया कि 19 हिस्ट्रीशीटर फरार हैं। जिसकी जानकारी करने के लिए टीम को लगाया गया है।
पंजीकृत हैं 46 हिस्ट्रीशीटर
मुरादाबाद जीआरपी परिक्षेत्र में 46 हिस्ट्रीशीटर पंजीकृत हैं। जिसमें से 19 लंबे समय से फरार चल रहे हैं। उनके संबंध में कोई जानकारी नहीं है। जबकि तीन की मौत हो गयी है, बाकी 24 की लगातार जीआरपी की टीम निगरानी कर रही है। लंबे समय से 19 फरार चल रहे है। जिसके बारे में अभी तक कोई जानकारी नहीं है।
