मुरादाबाद प्रदूषण के खतरनाक जोन में नौवें नंबर पर
मुरादाबाद, अमृत विचार। दिन भर की धूप भी मुरादाबादियों को राहत नहीं दे पायी। यहां की वायु गुणवत्ता (एयर क्वालिटी) मंगलवार को और खराब हो गयी। सोमवार की तुलना में मंगलवार को यहां का एक्यूआई 19 अंक ऊपर हो गया। यानी मुरादाबाद देश के खतरनाक हवा वाले क्षेत्र में एक पायदान और आगे बढ़ गया। …
मुरादाबाद, अमृत विचार। दिन भर की धूप भी मुरादाबादियों को राहत नहीं दे पायी। यहां की वायु गुणवत्ता (एयर क्वालिटी) मंगलवार को और खराब हो गयी। सोमवार की तुलना में मंगलवार को यहां का एक्यूआई 19 अंक ऊपर हो गया। यानी मुरादाबाद देश के खतरनाक हवा वाले क्षेत्र में एक पायदान और आगे बढ़ गया। ऐसे समझें कि मानवजीवन के लिए खराब हवा में देश के दस शहरों में मुरादाबाद नौवें नंबर पर पहुंच गया।
दिवाली के पहले पर्यावरण संरक्षण और हवा की गुणवत्ता सुधार के हर प्रयास को यहां अंगूठा दिखाया जा रहा है। वाहन जनित प्रदूषण को लेकर एनजीटी के आदेश को लेकर तरह तरह की कार्रवाई का दावा करने वालों ने मंगलवार को कुछ प्रभावी कदम नहीं उठाया। अलबत्ता यातायात पुलिस ने चार दर्जन वाहनों के चालान तो काटे मगर उसमें धुआं को लेकर कोई कार्रवाई नहीं है।
उधर, रेलवे स्टेशन, गोविंद नगर, कांठ रोड और दिल्ली रोड के सटे आवास विकास विभाग की कानोनियों में दिवाली की सफाई के लिए खुलआम कूड़ा जला। रामगंगा नदी के किनारे धुआं उठा और लालबाग, करूला और जामा मस्जिद क्षेत्र की घर की चिमनियों से बेखौफ धुआं और आग की लपटें निकलीं। नगर निगम की ओर से धूल हटाने और पौधों के पत्तों पर पानी की बौछार मारी गयी, मगर कुछ खास क्षेत्र में।
एनजीटी का आदेश प्रभावी, लाइसेंस पर रोक
मुरादाबाद सहित 14 जिलो की हवा की गुणवत्ता को देखते हुए प्रभावी आदेश ने पटखा कारोबारियों की मंशा पर पानी फेर दिया। दिवाली पर आतिशबाजी की दुकन सजाने की उम्मीद में प्रशासन से आवेदन करने वाले मंगलवार को पूरी तरह उदास दिखे। आवेदक दिन भर सिटी मजिस्ट्रेट के कार्यालय के बाहर चहल कदमी करते रहे। सभी इस उम्मीद में थे कि प्रशासन कोइ रास्त निकाल दे। इस बावत सिटी मजिस्ट्रेट लालता प्रसाद शाक्य का कहना है कि एनजीटी और न्यायालय से ऊपर तो कोई नहीं है। वायु गुणवत्ता में मुरादाबाद का रिकार्ड सही नहीं है। ऐसे में किसी भी आवेदन का कोई मतलब नहीं है।
प्रदूषण प्रभावित देश के दस प्रमुख शहर
शहर एक्यूआई
लखनऊ 344
मुरादाबाद 380
आगरा 415
ग्वालियर 418
कानपुर 422
गाजियाबाद 444
फरीदाबाद 448
बागपत 447
जींद 475
दिल्ली 476
(एक्यूआई क्रम ऊपर से नीचे की ओर। स्रोत- केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की साइट)
मुरादाबाद जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह ने बताया है कि मुख्य सचिव के दिये गये निर्देशों के अनुपालन एवं एनजीटी न्यायालय नई दिल्ली के आदेशों के अनुपालन में जनपद की वायु गुणवत्ता की माप (एक्यूआई) गंभीर होने के दृष्टिगत जनपद मुरादाबाद में आतिशबाजी (फायर क्रेकर्स) की बिक्री व प्रयोग दिनांक नौ से 30 नवंबर तक प्रतिबंधित कर दिया गया है। मेरी अपील है कि जिले के लोग दिवाली मनाने के लिए डिजिटल/लेजर आदि की नई तकनीक का प्रयोग करें, जिससे पर्यावरण प्रदूषणमुक्त रहे और लोग सेहत के लिए ठीक वातावरण में दिवाली का पर्व मना सकें।
