देश के पटल पर चमका मुरादाबाद का कांठ थाना, आईजी व एसएसपी ने स्टाफ को दी बधाई
मुरादाबाद,अमृत विचार। अपराध के मामले में पश्चिमी यूपी में बदनाम चल रहे मुरादाबाद जिले के लिए राहत भरी खबर है। हमेशा कमजोर पुलिसिंग को लेकर प्रदेश के अफसरों के निशाने पर रहने वाले स्थानीय अफसरों की अब गदगद होने की बारी है और यह मौका दिया है जिले के कांठ थाने ने। इस थाने की …
मुरादाबाद,अमृत विचार। अपराध के मामले में पश्चिमी यूपी में बदनाम चल रहे मुरादाबाद जिले के लिए राहत भरी खबर है। हमेशा कमजोर पुलिसिंग को लेकर प्रदेश के अफसरों के निशाने पर रहने वाले स्थानीय अफसरों की अब गदगद होने की बारी है और यह मौका दिया है जिले के कांठ थाने ने। इस थाने की कार्यप्रणाली ने यूपी में ही नहीं देश के पटल में मुरादाबाद का नाम चमका दिया है। गृह मंत्रालय की ओर से कोरोनाकाल के दौरान कराए गए सर्वे में कांठ थाने यूपी में पहला तो पूरे देश में आठवां स्थान हासिल किया है।
इस बड़ी उपलब्धि मिलने की मुख्य वजह है थाने में आने वाली शिकायतों का आपसी संवाद के जरिए त्वरित निस्तारण और फरियादियों के साथ किए जाने वाला कुशल व्यवहार। इन दोनों समेत अन्य बिंदुओं पर स्टाफ की बेहतरीन कार्यप्रणाली ने यह तमगा दिलाया है। गृह मंत्रालय से सूची जारी होने के बाद जहां पर प्रदेश के अफसरों ने स्थानीय अफसरों की पीठ थपथपाई तो वहीं आईजी व एसएसपी ने थाने पहुंचकर पूरे स्टाफ की हौसला अफजाई की।
19 बिंदुओं पर सर्वे किया गया
पहली दफा केंद्र सरकार की पहल पर गृह मंत्रालय ने सर्वश्रेष्ठ थानों का चयन करने के लिए पूरे देश में एक साथ सर्वे किया। जिसमें सम्पति अपराध, महिलाओं के प्रति अपराध, समाज के कमजोर वर्गों के प्रति अपराध, गुमशुदा लोग, तलाश किए गए लोग, अज्ञात शव, शिकायतों का निस्तारण और थाने में दर्ज होने वाले मामलों समेत करीब 19 बिंदुओं पर सर्वे किया गया। तीन चरण में हुए सर्वे के बाद जब परिणाम घोषित होने के बाद कांठ थाने के हिस्से में यह उपलब्धि आई।
1987 में हुई थी कांठ थाने की स्थापना
मौजूदा समय में जिले में महिला थाना समेत 20 थाने हैं, जिसमें कांठ थाने की स्थापना 2 दिसंबर 1987 को हुई थी। मौजूदा समय में कांठ थाने में प्रभारी निरीक्षक अजय कुमार गौतम के अलावा यहां 11 उप निरीक्षक, 9 हेड कांस्टेबल, 12 महिला आरक्षी, 55 सिपाही और 25 होमगार्ड तैनात हैं। करीब डेढ़ लाख की आबादी को नियंत्रित करने वाले इस थाने का क्षेत्रफल भी काफी बढ़ा है। इस थाने के अंतर्गत नगर पंचायत कांठ व ऊमरी कला व करीब 70 गांव हैं।
वर्ष 2020 में दर्ज हुए 481 मामले
जिले के अन्य थानों की तरह कांठ थाना भी अपराध से अछूता नहीं हैं। आए दिन यहां पर अपराधिक वारदातें होती रहती हैं। इसके अलावा आए दिन छुटपुट मामले के निस्तारण के लिए भी फरियादियों का जमावड़ा लगा रहता है। पुलिस जहां बड़े मामलों की रिपोर्ट दर्ज करती है तो छुटपुट मामलों का आपसी संवाद से निस्तारण किया जाता है। रिकार्ड के अनुसार वर्ष 2020 में नवंबर तक थाने में 481 मामले दर्ज किए गए हैं, जिसमें से अधिकतर मामलों का खुलासा होने के साथ ही गिरफ्तारी हो चुकी है। सर्वे में इस प्वाइंट पर भी थाने की कार्यप्रणाली को सराहना मिली।
वक्त के साथ हाईटेक हुआ थाना
वक्त के साथ पुलिसिंग हाईटेक हुई तो थाने का भी सुंदरीकरण किया गया। थाने में पुरुष सिपाहियों के लिए बैरक तो थे लेकिन महिला आरक्षियों के ठहरने की कोई व्यवस्था नहीं थी। लिहाजा महिला बैरक का प्राथमिकता से निर्माण कराया गया। इसके अलावा थाने में भोजनालय, शौचालय, सर्व धर्म प्रार्थना स्थल, क्रीड़ा स्थल, आगंतुक कक्ष, महिला हेल्प डेस्क, थाना प्रभारी निरीक्षक कार्यालय, आवास व्यवस्था, स्वागत कक्ष और गार्डन का निर्माण कराने के साथ ही सीसीटीवी कैमरे लगाए गए।
पदक और पुरस्कार ने भरी है अजय की झोली
कांठ के थाना प्रभारी अजय कुमार गौतम को बेहतर पुलिसंग के लिए 300 से अधिक पुरस्कार और पदक मिले हैं। साल 1989 के बैच के एसआई गौतम को साल 2009 में प्रोन्नति मिली और जनवरी 2025 तक सेवा में हैं। वर्ष 1996 से लगातार प्रभारी के रूप में सेवा देने वाले गौतम को राष्ट्रपति पदक, अतिविशिष्ट सेवा पदक, राज्यपाल पदक, पुलिस महानिदेशक सहित विभाग के प्रमुख पदों के अधिकारियों से पुरस्कार मिले हैं। गौतम को सेवाकाल में कुल 300 अवार्ड और पुरस्कार मिले हैं। वह कहते हैं कि यह सुखद अनुभव है। वर्दी की जिम्मेदारी के प्रति सजग रहना और थाना आने वाले हर व्यक्ति को सुनना मेरी ड्यूटी का अहम पक्ष है।
थाना स्टाफ को एसएसपी देंगे पुरस्कार
देश के शीर्ष थाना में चयनित कांठ कोतवाली की पूरी टीम पुरस्कृत होगी। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने इस बात का ऐलान किया है। एसएसपी का कहना है कि कांठ की टीम ने सीमित संसाधन में बेहतर कार्य किया है, जिसके परिणाम में यह मौका हाथ लगा है। अक्टूबर माह में सर्वे टीम मुरादाबाद आई थी। टीम यहां तीन दिन रुकी और गृह मंत्रालय के निर्देश के आधार पर पुलिस के काम का मूल्यांकन किया। क्षेत्र के लोगों से बात की, जिसके बाद यह परिणाम जारी किया गया है। मेहनती और बेहतर पुलिसंग के लिए कांठ की पूरी टीम को मेरे स्तर वर सम्मानित किया जाएगा। यह टीम अन्य के लिए प्रेरणा का आधार बनेगी।
गर्व का पल, जनता और टीम बधाई की पात्र
गृह मंत्रालय के मानक पर मुरादाबाद पुलिस का खरा उतरना गर्व का विषय है। इसके लिए कांठ थाने की पुलिस टीम और जनता बधाई की पात्र है। देश में यह एक विशेष मूल्यांकन है। टीम के काम को जनता ने सराहा है और वर्दी ने अपनी जिम्मेदारी निभाई है। पुलिस महानिरीक्षक रमित शर्मा ने इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर की है। कहा है कि संसाधन को लेकर अपने कार्य और ड्यूटी में अवरोध मानने वाले इस परिणाम से सबक ले सकते हैं। इस परिणाम से पुलिस टीम में नये तरह की प्रतिस्पर्धा होगी। पुलिस टीम और जनता को बधाई।
